मुजफ्फरनगर ,के लिए 31 अगस्त 2025 का दिन गौरव का क्षण लेकर आया, जब वैदिक पुत्री पाठशाला इंटर कॉलेज नई मंडी मुजफ्फरनगर की शारदा गाइड कंपनी की चार छात्राओं—इशिका, मनु, अनुष्का और शगुन—को राष्ट्रपति अवार्ड रैली एवं प्रेजेंटेशन में प्रतिभागिता का अवसर प्राप्त हुआ। यह अवसर उत्तर प्रदेश प्रादेशिक प्रधान केंद्र महानगर लखनऊ के एएसओसी अमित कुमार की सूचना के अनुपालन में जिला संस्था भारत स्काउट गाइड मुजफ्फरनगर द्वारा प्रदान किया गया। छात्राओं को यह गौरवपूर्ण मंच जिला अधिकारी उमेश मिश्रा के आदेश तथा जिला विद्यालय निरीक्षक और जिला मुख्य आयुक्त स्काउट गाइड डॉ. कंचन प्रभा शुक्ला के निर्देशन में प्राप्त हुआ।विद्यालय की प्रधानाचार्या और जिला आयुक्त गाइड डॉ. राजेश कुमारी ने बताया कि यह छात्राओं के लिए अनुपम उपलब्धि है, क्योंकि देश के सर्वोच्च सम्मान राष्ट्रपति पुरस्कार स्काउट/गाइड/रोवर्स/रेंजर्स अवार्ड के कार्यक्रम में प्रतिभाग करना किसी भी संस्था और जनपद के लिए सौभाग्य की बात होती है। इस आयोजन के दौरान विद्यालय की छात्राओं को मुख्य अतिथियों और विजेताओं का तिलक, रोली और चंदन से स्वागत करने का भी अवसर मिला। इस गौरवमयी पल ने न केवल छात्राओं का मनोबल बढ़ाया, बल्कि संपूर्ण वैदिक पुत्री परिवार और संस्था स्काउट गाइड मुजफ्फरनगर के लिए गर्व का विषय बन गया।छात्राओं को राष्ट्रपति अवार्ड सेरेमनी के लिए तैयार करने में जिला कमिश्नर गाइड डॉ. राजेश कुमारी, डीओसी भारत भूषण और डीओसी प्रभा दहिया का महत्वपूर्ण योगदान रहा। वहीं, जिला स्काउट कमिश्नर विजय कुमार शर्मा और सचिव अनिल कुमार सैनी ने छात्राओं को शुभकामनाएं देते हुए विदा किया। इस आयोजन का मुख्य कार्यक्रम नई दिल्ली स्थित भारत मंडपम में संपन्न हुआ, जिसमें केंद्रीय मंत्री मानसुख मंडविया (युवा कार्य एवं खेल मंत्रालय), भारत स्काउट गाइड के मुख्य आयुक्त डॉ. अनिल कुमार जैन, नेशनल चीफ के के खंडेलवाल, स्टेट कमिश्नर राजेश मिश्रा, प्रदेश जिला आयुक्त डॉ. प्रभात कुमार और लोकसभा सदस्य मनोज तिवारी सहित अनेक गणमान्य लोग उपस्थित रहे।इस अवसर पर मुजफ्फरनगर जनपद की संतोष गाइड कंपनी की छात्रा आरती धीमान को राष्ट्रपति पुरस्कार से सम्मानित किया गया। उनकी यह उपलब्धि न केवल विद्यालय और संस्था के लिए, बल्कि पूरे जनपद के लिए गर्व का विषय बनी। राष्ट्रपति अवार्ड जैसी प्रतिष्ठित सेरेमनी में मुजफ्फरनगर की छात्राओं की भागीदारी ने यह साबित कर दिया कि जनपद की बेटियां प्रतिभा और अनुशासन के बल पर राष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान बना रही हैं। यह सम्मान भविष्य में अन्य छात्राओं के लिए भी प्रेरणादायी बनेगा और जिले के स्काउट गाइड आंदोलन को और सशक्त करेगा।















