मुज़फ्फरनगर। इंडियन इंडस्ट्रीज़ एसोसिएशन (आईआईए) मुज़फ्फरनगर चैप्टर द्वारा कार्यस्थल पर महिलाओं के लैंगिक उत्पीड़न से संरक्षण अधिनियम (पोश एक्ट), 2013 के प्रभावी अनुपालन को लेकर एक महत्वपूर्ण ब्रेकफास्ट मीटिंग का आयोजन होटल स्वर्ण इन्न एंड सुइट्स में किया गया। बैठक का उद्देश्य उद्योगों और संस्थानों में सुरक्षित, सम्मानजनक एवं संवेदनशील कार्य संस्कृति को बढ़ावा देना रहा।बैठक की अध्यक्षता करते हुए आईआईए मुज़फ्फरनगर चैप्टर के चेयरमैन अमित जैन ने कहा कि पोश एक्ट को केवल कानूनी औपचारिकता के रूप में नहीं, बल्कि कार्यस्थल की नैतिक जिम्मेदारी के रूप में अपनाना चाहिए। उन्होंने बताया कि कार्यस्थल की परिभाषा बहुत व्यापक है, जिसमें कार्यालय, फैक्ट्री, फील्ड वर्क, कार्य से जुड़ी यात्रा सहित अन्य स्थान भी शामिल हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि जहां 10 या उससे अधिक कर्मचारी कार्यरत हैं, वहां इंटरनल कमेटी का गठन अनिवार्य है, चाहे महिला कर्मचारी मौजूद हों या नहीं।
कार्यक्रम के मुख्य वक्ता जिला प्रोबेशन अधिकारी संजय कुमार ने पोश एक्ट के प्रावधानों पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि अधिनियम के अंतर्गत कार्यालय, फैक्ट्री, नर्सिंग होम, बैंक, मनरेगा कार्यस्थल, घरेलू कार्यस्थल और कार्य से संबंधित यात्रा सभी को कार्यस्थल माना गया है। उन्होंने इंटरनल कमेटी के गठन, समिति की जानकारी का डिस्प्ले, सी-बॉक्स पोर्टल पर विवरण अपलोड करने, वार्षिक रिपोर्ट प्रस्तुत करने और शिकायतों के समयबद्ध निस्तारण को अनिवार्य बताया। उन्होंने कहा कि जहां 10 से कम कर्मचारी हैं, वहां शिकायत लोकल कमेटी के माध्यम से की जाती है। नियोक्ता या पीठासीन अधिकारी के विरुद्ध शिकायत की स्थिति में भी लोकल कमेटी ही सक्षम प्राधिकारी होती है।सहायक श्रमायुक्त दिवेश सिंह ने कहा कि पोश एक्ट उद्योगों के लिए एक सकारात्मक कानून है, जो महिलाओं को सुरक्षा प्रदान करता है और संस्थानों को अनावश्यक कानूनी जटिलताओं से बचाता है। सहायक आयुक्त उद्योग आशीष कुमार ने इंटरनल कमेटी के गठन से जुड़े व्यावहारिक पहलुओं पर चर्चा करते हुए बताया कि पीठासीन अधिकारी का वरिष्ठ महिला कर्मचारी होना आवश्यक है तथा महिला कर्मचारी न होने की स्थिति में वैकल्पिक प्रावधान भी मौजूद हैं।आईआईए के डिवीजनल सेक्रेटरी पवन कुमार गोयल ने 31 जनवरी को विक्टोरिया पार्क, मेरठ में आयोजित मैत्री क्रिकेट मैच में अधिक से अधिक सदस्यों की सहभागिता का आह्वान किया। कार्यक्रम का संचालन सचिव राहुल मित्तल ने किया, जबकि कोषाध्यक्ष सुधीर अग्रवाल ने आभार व्यक्त किया। बैठक में आईआईए के पूर्व पदाधिकारी एवं बड़ी संख्या में सदस्य उपस्थित रहे।















