मुजफ्फरनगर। श्री माता वैष्णो देवी मार्ग पर हुए भीषण भूस्खलन (लैंडस्लाइड) में मुजफ्फरनगर जनपद के छह श्रद्धालुओं की दर्दनाक मौत ने पूरे क्षेत्र को शोक में डुबो दिया है। घटना की जानकारी मिलते ही प्रदेश सरकार से लेकर स्थानीय प्रशासन तक हरकत में आया और मृतकों के परिजनों को सांत्वना देने तथा हरसंभव मदद का भरोसा दिलाने का सिलसिला शुरू हो गया। इसी क्रम में प्रदेश सरकार के कैबिनेट मंत्री अनिल कुमार, बिजनौर के सांसद चंदन चौहान, जिलाधिकारी उमेश मिश्रा और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक संजय वर्मा रविवार को मुजफ्फरनगर के रामपुरी पहुंचे। यहां उन्होंने दिवंगत श्रद्धालुओं के परिजनों से मुलाकात कर दुख साझा किया और सरकार की ओर से उन्हें पूरी मदद का आश्वासन दिया।
रामपुरी पहुंचने पर माहौल बेहद गमगीन था। जिन परिवारों ने अपने परिजनों को खोया, उनके आंसू थमने का नाम नहीं ले रहे थे। कैबिनेट मंत्री अनिल कुमार ने पीड़ित परिवारों को ढांढस बंधाते हुए कहा कि सरकार उनके साथ खड़ी है और इस कठिन समय में उन्हें अकेला नहीं छोड़ा जाएगा। उन्होंने आश्वासन दिया कि मृतकों के परिजनों को सरकार की ओर से आर्थिक सहायता दी जाएगी। साथ ही गंभीर रूप से घायलों के इलाज की जिम्मेदारी भी प्रशासन उठाएगा।
बिजनौर सांसद चंदन चौहान ने इस त्रासदी को अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण बताते हुए कहा कि श्रद्धालुओं का जाना अपूरणीय क्षति है। उन्होंने पीड़ित परिवारों को सांत्वना देते हुए केंद्र और राज्य सरकार की ओर से हरसंभव सहयोग का भरोसा दिलाया। सांसद ने कहा कि इस तरह की प्राकृतिक आपदाओं से निपटने के लिए सरकार लगातार प्रयासरत है और आने वाले समय में यात्रा मार्गों को और सुरक्षित बनाने पर विशेष ध्यान दिया जाएगा।
इस दौरान जिलाधिकारी उमेश मिश्रा और एसएसपी संजय वर्मा भी मौजूद रहे। दोनों अधिकारियों ने बताया कि मृतकों के पार्थिव शरीर को पूरे सम्मान के साथ उनके परिजनों तक पहुंचाया गया है। प्रशासनिक स्तर पर पीड़ित परिवारों को हर संभव सहायता उपलब्ध कराई जा रही है। इसके साथ ही भविष्य में ऐसे हादसे न हों, इसके लिए जिला प्रशासन सतर्कता और सुरक्षा मानकों को और सख्ती से लागू करेगा।
मुलाकात के दौरान कई स्थानीय जनप्रतिनिधि और समाजसेवी भी मौजूद रहे। उन्होंने भी परिवारों के दुख में अपनी संवेदनाएं प्रकट कीं। ग्रामीणों ने अधिकारियों के सामने मांग रखी कि सरकार को तीर्थ यात्रा मार्गों पर सुरक्षा के विशेष इंतजाम करने चाहिए ताकि श्रद्धालुओं की जान बचाई जा सके।
गौरतलब है कि बीते दिनों माता वैष्णो देवी मार्ग पर हुए भूस्खलन में मुजफ्फरनगर जनपद के छह श्रद्धालुओं की मौके पर ही मौत हो गई थी, जबकि कई घायल हो गए थे। हादसा उस समय हुआ जब भारी बारिश के कारण पहाड़ी से मलबा अचानक नीचे गिर पड़ा। इस घटना ने जहां श्रद्धालुओं की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं, वहीं पूरे जिले में शोक की लहर दौड़ गई।
रामपुरी में हुई मुलाकात ने यह साफ कर दिया कि सरकार इस हादसे को गंभीरता से ले रही है और पीड़ित परिवारों के साथ खड़ी है। हालांकि, स्थानीय लोगों की मांग है कि केवल आश्वासन से काम नहीं चलेगा, बल्कि भविष्य में ऐसी त्रासदियों से बचाव के लिए ठोस कदम उठाने होंगे। श्रद्धालुओं की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता बननी चाहिए।















