हीमोफीलिया के मरीजों को अपनी डाइट का खास ख्याल रखने की जरूरत होती है। आइए, जानते हैं इस बीमारी में क्या खाना चाहिए और क्या नहीं खाना चाहिए
Diet For Hemophilia Patients:हीमोफीलिया ब्लड से जुड़ा एक गंभीर रोग है, जो अनुवांशिक होता है।इस बीमारी में व्यक्ति को चोट लगने या त्वचा के कट जाने पर खून निकलना बंद नहीं होता है। यह रोग रक्त में थ्राम्बोप्लास्टिन (Thromboplastin) नामक पदार्थ की कमी से होता है। थ्राम्बोप्लास्टिक खून को तुरंत थक्का में बदल देने का काम करता है। शरीर में इसकी कमी के कारण खून बहना बंद नहीं होता है। इस समस्या का अगर सही समय पर इलाज न किया जाए, तो यह जानलेवा साबित हो सकती है। हर साल 17 अप्रैल को विश्व हीमोफीलिया दिवस (World Hemophilia Day 2024) मनाया जाता है। इसका उद्देश्य हीमोफीलिया जैसी खतरनाक बीमारी के प्रति जागरूकता फैलाना है। हीमोफीलिया के इलाज में डाइट भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। हीमोफीलिया के मरीजों को अपनी डाइट में कुछ विशेष चीजों को शामिल करने की सलाह दी जाती है, जिससे शरीर में ब्लड सेल के उत्पादन और रक्तस्त्राव को नियंत्रित करने में मदद मिल सकती है। हीमोफीलिया के मरीजों की डाइट कैसी होनी चाहिए? इस विषय में जानकारी प्राप्त करने के लिए हमने B.FIT Lifestyle की फाउंडर और सीईओ साहिबा भरद्वाज से बात की। आइए, विस्तार जानते हैं हीमोफीलिया में क्या खाना चाहिए और किन चीजों से परहेज करना चाहिए?
हीमोफीलिया में क्या खाना चाहिए
आयरन युक्त खाद्य पदार्थ – हीमोफीलिया के मरीजों को आयरन युक्त फूड्स का सेवन करना चाहिए। इसके लिए आप हरी पत्तेदार सब्जियां, दालें, अंडे, बीन्स, लीन मीट, पोल्ट्री, मछली और फोर्टिफाइड अनाज खाएं।j
कैल्शियम युक्त खाद्य पदार्थ- हीमोफीलिया रोगियों को अपनी डाइट में कैल्शियम युक्त खाद्य पदार्थों को शामिल करना चाहिए। इसके लिए आप लो फैट मिल्क, दही, लो फैट चीज, टोफू, फलियां, सोया मिल्क, बादाम और तिल के बीज का सेवन कर सकते हैं।
विटामिन-सी युक्त खाद्य पदार्थ- हीमोफीलिया के मरीजों को अपनी डाइट में विटामिन-सी युक्त चीजों को शामिल करना चाहिए। इससे शरीर में कोलेजन के उत्पादन को बढ़ावा मिलता है। साथ ही, रक्त का थक्का बनाने में मदद मिलती है। इसके लिए आप संतरे, अनानास, कीवी, स्ट्रॉबेरी, नींबू, ब्लूबेरी, टमाटर, पपीता और आंवला खाएं।
विटामिन बी6 और विटामिन बी12 युक्त खाद्य पदार्थ- हीमोफीलिया से ग्रसित लोगों को विटामिन बी6 और विटामिन बी12 से भरपूर खाद्य पदार्थों का सेवन करना चाहिए। इसके लिए आप अपनी डाइट में पत्तेदार सब्जियां, मछली, मांस, अंडे, चिकन, केला, मटर, मछली, चीज, मटर, कॉर्न और साबुत अनाज शामिल कर सकते हैं।
विटामिन-के युक्त खाद्य पदार्थ- विटामिटन-के शरीर में प्रोथ्रोम्बिन का उत्पादन करने में मददगार होता है। यह अत्यधिक रक्तस्राव को नियंत्रित करने में मदद कर सकता है। इसके लिए आप डाइट में पालक, ब्रोकली, गोभी, शलजम, ओट्स, सलाद, जई, ऑलिव ऑयल और ग्रीन टी को शामिल कर सकते हैं।
हेल्दी फैट्स- हीमोफीलिया के मरीजों को अपने आहार में हेल्दी फैट्स के स्रोत जैसे एवोकाडो, नट्स, बीज और जैतून का तेल शामिल करना चाहिए।
हाइड्रेटेड रहें- यह रक्त की मात्रा को बनाए रखने और निर्जलीकरण को रोकने में मदद करता है, जिससे रक्तस्राव का खतरा बढ़ सकता है। इसके लिए आप पानी, नारियल पानी, नींबू पानी, सब्जियों का रस, सूप का सेवन
विटामिन बी6 और विटामिन बी12 युक्त खाद्य पदार्थ- हीमोफीलिया से ग्रसित लोगों को विटामिन बी6 और विटामिन बी12 से भरपूर खाद्य पदार्थों का सेवन करना चाहिए। इसके लिए आप अपनी डाइट में पत्तेदार सब्जियां, मछली, मांस, अंडे, चिकन, केला, मटर, मछली, चीज, मटर, कॉर्न और साबुत अनाज शामिल कर सकते हैं।
विटामिन-के युक्त खाद्य पदार्थ- विटामिटन-के शरीर में प्रोथ्रोम्बिन का उत्पादन करने में मददगार होता है। यह अत्यधिक रक्तस्राव को नियंत्रित करने में मदद कर सकता है। इसके लिए आप डाइट में पालक, ब्रोकली, गोभी, शलजम, ओट्स, सलाद, जई, ऑलिव ऑयल और ग्रीन टी को शामिल कर सकते हैं।
हेल्दी फैट्स- हीमोफीलिया के मरीजों को अपने आहार में हेल्दी फैट्स के स्रोत जैसे एवोकाडो, नट्स, बीज और जैतून का तेल शामिल करना चाहिए।
हाइड्रेटेड रहें- यह रक्त की मात्रा को बनाए रखने और निर्जलीकरण को रोकने में मदद करता है, जिससे रक्तस्राव का खतरा बढ़ सकता है। इसके लिए आप पानी, नारियल पानी, नींबू पानी, सब्जियों का रस, सूप का सेवन करें
हीमोफीलिया में किन चीजों से परहेज करना चाहिए
शराब – हीमोफीलिया से ग्रसित लोगों को शराब का सेवन भूलकर भी नहीं करना चाहिए। शराब के अत्यधिक सेवन रक्त के थक्के जमने में बाधा उत्पन्न कर सकता है और शरीर को निर्जलित भी कर सकता है।
कैफीन – हीमोफीलिया के मरीजों को कैफीन युक्त चीजों का सेवन नहीं करना चाहिए। यह शरीर को डिहाइड्रेट भी कर सकता है और नींद में भी बाधा उत्पन्न कर सकता है। इसलिए कॉफी, चाय, एनर्जी ड्रिंक का सेवन सीमित मात्रा में ही करें।
प्रोसेस्ड फूड्स – हीमोफीलिया रोगियों को अधिक चीनी और सोडियम वाले प्रोसेस्ड फूड्स का सेवन करने से परहेज करना चाहिए। उच्च सोडियम रक्तचाप बढ़ा सकता है, जिससे रक्तस्राव का खतरा बढ़ सकता है।
Disclaimer: हमारे लेखों में साझा की गई जानकारी केवल इंफॉर्मेशनल उद्देश्यों से शेयर की जा रही है इन्हें डॉक्टर की सलाह के रूप में नहीं माना जाना चाहिए। किसी भी बीमारी या विशिष्ट हेल्थ कंडीशन के लिए स्पेशलिस्ट से परामर्श लेना अनिवार्य होना चाहिए। डॉक्टर/एक्सपर्ट की सलाह के आधार पर ही इलाज की प्रक्रिया शुरु की जानी चाहिए।















