मुजफ्फरनगर। भारतीय किसान यूनियन (अराजनैतिक) के राष्ट्रीय प्रवक्ता धर्मेंद्र मलिक ने कचहरी परिसर में एक अनौपचारिक संवाददाता सम्मेलन को संबोधित करते हुए कहा कि पाक प्रायोजित आतंकवाद को समाप्त करने के लिए भारत सरकार द्वारा उठाए गए हर कूटनीतिक कदम का समर्थन देश का हर नागरिक करेगा। उन्होंने स्पष्ट कहा कि जो भी किसान नेता सरकार के इस निर्णय के साथ नहीं है, वह देश विरोधी है।
धर्मेंद्र मलिक ने कहा कि भारत सरकार ने पाकिस्तान के साथ सिंधु जल संधि को निलंबित करने का जो फैसला लिया है, वह सराहनीय है और यह कदम बहुत पहले उठाया जाना चाहिए था। उन्होंने पूर्ववर्ती सरकारों द्वारा किए गए सिंधु जल संधि समझौते को किसान विरोधी करार दिया। उनका कहना था कि हमारी नदियों के 80 प्रतिशत पानी का पाकिस्तान को मिलना कतई व्यवहारिक नहीं है। संधि के निलंबन से राजस्थान, हरियाणा और हिमाचल प्रदेश के किसानों को सीधा लाभ मिलेगा।भाकियू अराजनैतिक ने मांग की कि सिंधु जल संधि को केवल निलंबित नहीं बल्कि पूर्णतः समाप्त किया जाए। धर्मेंद्र मलिक ने कहा कि जो भी संगठन या नेता इस फैसले का विरोध करते हैं, वे देश विरोधी हैं और सरकार को ऐसे लोगों के खिलाफ देशद्रोह के तहत कार्रवाई करनी चाहिए। उन्होंने कहा कि यह लड़ाई हिंदुस्तान बनाम पाकिस्तान नहीं बल्कि हिंदुस्तान बनाम आतंकवाद की है, जिसमें हिंदू, मुस्लिम, सिख और ईसाई सभी को एकजुट होकर लड़ना होगा।















