नई दिल्ली। किसी भी भूमिका को कैमरे के सामने निभाने से पहले कलाकार के लिए उसकी अच्छी तरह से तैयारी बहुत जरूरी होती है। विशेषकर जब वह भूमिका किसी ऐतिहासिक या पौराणिक व्यक्ति की हो, तो कलाकार पर उसे अच्छी तरह से निभाने की जिम्मेदारी और बढ़ जाती है।
हाल ही में घोषित हुई फिल्म अश्वत्थामा : द सागा कंटिन्यूज में अभिनेता शाहिद कपूर के कंधों पर मुख्य पात्र अश्वत्थामा की भूमिका निभाने की जिम्मेदारी है। वैसे तो शाहिद कपूर जिस भी किरदार को निभाते हैं, उसमें ऐसी जान डालते हैं कि मानों वह किरदार उन्हीं के लिए ही लिखा गया हो।
अश्वत्थामा के किरदार के लिए शाहिद ने उठाई किताब
कबीर सिंह में अग्रेसिव से लेकर जब वी मेट में आदित्य जैसे सीधे-सादे लड़के का किरदार अदा करने वाले शाहिद कपूर (Shahid Kapoor) अब अपनी जिंदगी का सबसे चैलेंजिंग किरदार निभाने की तैयारी कर रहे हैं। ऐसे में वह किसी भी तरह की लापरवाही नहीं बरतना चाहते हैं। एक्टर चाहते हैं कि जैसे उनकी ऑडियंस ने उन्हें हर किरदार में प्यार दिया, वैसे इस किरदार में भी थे।
शाहिद जानते हैं कि यह उनके लिए बड़ा मौका है। ऐसे में इस भूमिका को निभाने के लिए वह इसकी तैयारी में कोई कसर नहीं छोड़ना चाहते हैं। अश्वत्थामा की मानसिकता को समझने के लिए शाहिद उनके बारे में लिखी कई पुराने और आधुनिक लेखकों की किताबें भी पढ़ रहे हैं।
मार्शल आर्ट की ट्रेनिंग भी ले रहे हैं शाहिद कपूर
अश्वत्थामा कौरवों और पांडवों के गुरु द्रोणाचार्य के बेटे थे, जिन्हें अमरत्व का वरदान प्राप्त था। फिल्म में अलग-अलग तरह के स्टंट और एक्शन करने के लिए शाहिद को शरीर में न सिर्फ मजबूती बल्कि लचीलापन भी लाना होगा। इसलिए वह मार्शल आर्ट और एक्शन की ट्रेनिंग कर रहे हैं।
इसके साथ ही वासु भगनानी और जैकी भगनानी की फिल्म प्रोडक्शन कंपनी पूजा एंटरटेनमेंट के अंतर्गत बन रही इस फिल्म के निर्देशन की बागडोर कन्नड़ फिल्मों के निर्देशक सचिन बी रवि के हाथों में है।















