मुजफ्फरनगर की सदर तहसील में माननीय जनपद न्यायाधीश एवं अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण वीरेन्द्र कुमार तथा सिविल जज सीनियर डिवीजन व सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण डॉ. सत्येंद्र कुमार चौधरी के निर्देशन में विधिक जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में अध्यक्ष बाल कल्याण समिति रीना पवार मुख्य अतिथि और मानव तस्करी विरोधी इकाई के थाना प्रभारी जय सिंह भाटी विशिष्ट अतिथि के रूप में मौजूद रहे। नायब तहसीलदार प्रीति ने अतिथियों का बुके भेंट कर स्वागत किया।
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि ने सरकार द्वारा संचालित मिशन शक्ति फेज-5 के अंतर्गत महिला एवं बाल सुरक्षा से जुड़ी विभिन्न योजनाओं और हेल्पलाइन नंबरों की जानकारी दी। उन्होंने महिलाओं को अपने अधिकारों के प्रति सजग रहने और किसी भी प्रकार की हिंसा या उत्पीड़न की स्थिति में तुरंत सहायता लेने के लिए प्रेरित किया। थाना प्रभारी जय सिंह भाटी ने प्रशासनिक हेल्पलाइन 112, महिला हेल्पलाइन 1090, चाइल्ड हेल्पलाइन 1098 की जानकारी देते हुए बाल विवाह, बाल भिक्षावृत्ति और बाल श्रम जैसी कुप्रथाओं के विरुद्ध जागरूक किया।
पैरालीगल वालंटियर गौरव मालिक ने 22 फरवरी को राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान सुजड़ू में आयोजित होने वाले मेगा विधिक सेवा शिविर में अधिक से अधिक लोगों को भाग लेने की अपील की। साथ ही 14 मार्च 2026 को आयोजित राष्ट्रीय लोक अदालत में बैंक विवाद, यातायात विवाद, घरेलू संपत्ति विवाद और पारिवारिक मामलों का सरल, सुलभ और त्वरित निस्तारण कराने की प्रक्रिया समझाई। उन्होंने बताया कि प्राधिकरण द्वारा पात्र व्यक्तियों को निशुल्क अधिवक्ता उपलब्ध कराया जाता है तथा विधिक सहायता हेल्पलाइन 15100 पर भी संपर्क किया जा सकता है।
कार्यक्रम के अंत में बाल विकास परियोजना की ओर से उपस्थित गर्भवती एवं धात्री महिलाओं को पोषण किट वितरित की गई। जस्ट राइट फॉर चिल्ड्रन संस्था ग्रामीण समाज विकास केंद्र से गजेंद्र सिंह ने वृद्धा पेंशन, विधवा पेंशन, बाल सेवा योजना और श्रमिक योजनाओं के बारे में जानकारी दी तथा बाल विवाह मुक्त भारत अभियान के तहत सभी को शपथ दिलाई। कार्यक्रम को सफल बनाने में सब इंस्पेक्टर जगत सिंह, हेड कांस्टेबल अमरजीत, पैरा लीगल वालंटियर रजनी पवार, धनीराम, बबीता, प्रवेश और तहसील कर्मचारियों का सहयोग रहा।















