भारत ने पाकिस्तान के साथ बढ़ते तनाव के बीच एक अहम कूटनीतिक कदम उठाते हुए मुस्लिम देश मालदीव को 50 मिलियन अमेरिकी डॉलर (लगभग 423 करोड़ रुपये) की वित्तीय सहायता दी है। यह सहायता भारतीय स्टेट बैंक (SBI) के माध्यम से ट्रेजरी बिल जारी करके प्रदान की गई है। इस कदम को भारत की ‘नेबरहुड फर्स्ट’ नीति का हिस्सा माना जा रहा है, जिसके तहत भारत अपने पड़ोसी देशों के साथ मजबूत संबंध बनाए रखने की कोशिश कर रहा है।
वित्त मंत्रालय के मुताबिक, यह राशि मालदीव को विदेशी मुद्रा भंडार को मजबूत करने और आर्थिक स्थिरता बनाए रखने में मदद करेगी। गौरतलब है कि मालदीव में चीन भी अपना प्रभाव बढ़ाने की कोशिश कर रहा है। ऐसे में भारत की यह सहायता रणनीतिक रूप से काफी अहम मानी जा रही है। भारत और मालदीव के बीच लंबे समय से आर्थिक और सुरक्षा सहयोग चला आ रहा है।पाकिस्तान के साथ सीमा और कूटनीतिक मोर्चों पर जारी तनाव के बीच भारत का यह कदम दक्षिण एशिया में अपने सहयोगियों को समर्थन देने और चीन-पाक गठजोड़ के प्रभाव को संतुलित करने की रणनीति का हिस्सा बताया जा रहा है। इससे भारत की क्षेत्रीय नेतृत्व की भूमिका और अधिक मजबूत होगी।















