मुजफ्फरनगर में बढ़ती शीतलहर को देखते हुए जिला प्रशासन ने बेघर और जरूरतमंद लोगों के लिए विशेष इंतजाम किए हैं। ऐसे लोग जिनके पास रात्रि में ठहरने या आश्रय की कोई सुविधा नहीं है, उन्हें रैन बसेरों में सुरक्षित पहुंचाया जाएगा। इसके लिए सभी थानाध्यक्षों, क्षेत्राधिकारियों और डायल 112 पर तैनात पुलिसकर्मियों को अहम जिम्मेदारी सौंपी गई है। निर्देश दिए गए हैं कि रात्रि गश्त के दौरान यदि कोई व्यक्ति खुले में, फुटपाथ पर या बिना आश्रय के मिलता है तो उसे तुरंत नजदीकी रैन बसेरे में पहुंचाया जाए, ताकि कोई भी व्यक्ति ठंड में खुले आसमान के नीचे सोने को मजबूर न हो।
अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व गजेन्द्र कुमार ने बताया कि इस संबंध में पुलिस विभाग को लिखित रूप से अवगत करा दिया गया है और सभी थानों व अधिकारियों को रैन बसेरों की सूची उपलब्ध करा दी गई है। नगर क्षेत्र में टाउन हॉल और रेलवे स्टेशन पर रैन बसेरे स्थापित किए गए हैं। इसके अलावा मीरापुर, जानसठ, खतौली, बुढाना, पुरकाजी, सिसौली, चरथावल, भोकरहेड़ी और शाहपुर में पालिका या नगर पंचायत कार्यालयों में रैन बसेरे संचालित किए जा रहे हैं, जहां जरूरतमंदों को रात्रि विश्राम की सुविधा दी जा रही है।
शीतलहर के दौरान किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए कलेक्ट्रेट परिसर स्थित इमरजेंसी ऑपरेशन सेंटर को 24 घंटे सक्रिय रखा जाएगा। यहां हेल्पलाइन नंबर 1077, 9412210080 और 0131-2433023 पर सहायता मांगी जा सकती है। प्रशासन का उद्देश्य है कि ठंड के कारण किसी प्रकार की जनहानि या स्वास्थ्य संबंधी गंभीर स्थिति उत्पन्न न हो।
जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण ने जनपदवासियों को शीतलहर से बचाव के लिए सतर्क रहने की सलाह दी है। बताया गया है कि पर्वतीय क्षेत्रों में बर्फबारी के कारण तापमान में और गिरावट की संभावना है। ऐसे में लोगों को पर्याप्त सर्दियों के कपड़े पहनने, कपड़ों की कई परतें इस्तेमाल करने और अनावश्यक रूप से बाहर निकलने से बचने की सलाह दी गई है। ठंड के कारण फ्लू, बहती नाक, नाक से खून आना जैसी समस्याएं बढ़ सकती हैं, ऐसे लक्षण दिखने पर तुरंत डॉक्टर से संपर्क करने को कहा गया है।
प्राधिकरण ने यह भी सलाह दी है कि दस्ताने, टोपी और मफलर का प्रयोग करें, पौष्टिक आहार लें और नियमित रूप से गर्म तरल पदार्थ पिएं। शीतलहर के संपर्क में आने पर हाथ-पैर की उंगलियों, कान या नाक की नोक पर सुन्नता, सफेदी या पीलापन दिखना खतरे के संकेत हैं। कंपकंपी को नजरअंदाज न करें और तुरंत किसी गर्म स्थान पर पहुंचें। जिला प्रशासन ने आमजन से सहयोग की अपील की है ताकि शीतलहर के दौरान सभी सुरक्षित रह सकें।















