मुजफ्फरनगर। उत्तर प्रदेश शासन के निर्देशों के तहत तहसील सदर में आयोजित सम्पूर्ण समाधान दिवस में जिलाधिकारी उमेश मिश्रा और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक संजय कुमार वर्मा ने पुलिस व प्रशासनिक अधिकारियों के साथ आम जन की समस्याओं को गंभीरता से सुना। दोनों अधिकारियों ने समाधान दिवस में पहुंचे फरियादियों की शिकायतों को ध्यानपूर्वक सुनते हुए संबंधित विभागों के अधिकारियों व कर्मचारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि हर शिकायत का त्वरित, पारदर्शी और गुणवत्तापूर्ण निस्तारण सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने कहा कि समाधान दिवस शासन की सबसे महत्वपूर्ण व्यवस्था है, जिसका उद्देश्य आम जनता की समस्याओं का समयबद्ध और निष्पक्ष समाधान करना है। इसलिए किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
अधिकारियों ने यह भी निर्देशित किया कि हर शिकायत की मौके पर जाकर सत्यापन किया जाए ताकि समस्याओं का वास्तविक समाधान हो सके। उन्होंने जोर देते हुए कहा कि शिकायतों के निस्तारण में किसी प्रकार की औपचारिकता न बरती जाए और ना ही कागजी कार्रवाई तक सीमित रहा जाए, बल्कि जमीनी स्तर पर जाकर शिकायतों का शत-प्रतिशत निस्तारण किया जाए। इसके साथ ही समाधान दिवस में उपस्थित सभी अधिकारियों को यह भी कहा गया कि समयावधि के भीतर प्रत्येक शिकायत का गुणवत्तापूर्ण निस्तारण अनिवार्य है और इसमें देरी पाए जाने पर जिम्मेदारी तय की जाएगी।
विशेष रूप से महिला अपराधों से संबंधित शिकायतों पर अधिकारियों ने निर्देश दिया कि इन मामलों की जांच को सर्वोच्च प्राथमिकता पर लिया जाए। किसी भी प्रकार की लापरवाही या देरी महिला सुरक्षा के प्रति उदासीनता मानी जाएगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि महिला सुरक्षा शासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है और इससे संबंधित मामलों पर तुरंत कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
इसी क्रम में अधिकारियों ने समाधान दिवस में पहुंचे शिकायतकर्ताओं तथा अधिकारियों-कर्मचारियों को साइबर अपराधों के बढ़ते मामलों के प्रति भी जागरूक किया। उन्होंने विस्तार से बताया कि किस प्रकार ऑनलाइन ठगी और अन्य साइबर अपराधों से लोग प्रभावित हो रहे हैं और किन सावधानियों को अपनाकर इससे बचा जा सकता है। अधिकारियों ने यह भी कहा कि साइबर अपराध के मामलों में जागरूकता ही सबसे बड़ा हथियार है, इसलिए सभी नागरिकों को समय-समय पर आवश्यक जानकारी व सावधानियां दी जानी चाहिए।
समाधान दिवस के दौरान बड़ी संख्या में लोग अपनी समस्याएं लेकर पहुंचे थे, जिनमें भूमि विवाद, राजस्व प्रकरण, पुलिस से संबंधित शिकायतें, सामाजिक सुरक्षा योजनाओं से जुड़े मामले, सड़क, बिजली, पानी एवं अन्य सार्वजनिक समस्याएं शामिल थीं। अधिकारियों ने जनता को भरोसा दिलाया कि शासन जनहित में गंभीर है और प्रत्येक शिकायत का निष्पक्ष समाधान किया जाएगा। इस दौरान समाधान दिवस में विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे और उन्होंने भी अपनी-अपनी जिम्मेदारियों के अनुरूप आवश्यक कार्यवाही करने का आश्वासन दिया।















