हरिद्वार, उत्तरी हरिद्वार में सप्तसरोवर स्थित शदाणी दरबार में आयोजित कार्यक्रम में शामिल होने के लिए पाकिस्तान से 233 हिंदू श्रद्धालुओं का जत्था शनिवार को हरिद्वार पहुंचा।”भारत और पाकिस्तान के बीच सांस्कृतिक आध्यात्मिक यात्रा का आयोजन: 233 हिंदू श्रद्धालुओं का शदाणी दरबार में स्वागत”
वंदे भारत एक्सप्रेस ट्रेन से हरिद्वार पहुंचे श्रद्धालुओं का शदाणी दरबार, अखिल भारतशदाणी दरबार तीर्थ के सप्तम पीठाधीश्वर संत राजाराम साहिब की 64वीं बरसी पर आयोजित तीन दिवसीय कार्यक्रम में भाग लेने के साथ विभिन्न धार्मिक स्थलों के दर्षन करेंगे।
शदाणी दरबार के नवम पीठाधीश्वर डा संत युधिष्ठिर लाल ने बताया कि पाकिस्तान से हर साल श्रद्धालुओं का जत्था शदाणी दरबार आता है। पाकिस्तान के सिंध क्षेत्र में करीब 310 साल पहले 1708 में शदाणी दरबार की स्थापना की गई थी। प्रतिवर्ष पाक से श्रद्धालुओं का जत्था सिंधू नदी का जल लेकर भारत भ्रमण के लिए आता है। पाकिस्तान से आने वाले श्रद्धालु गंगाजल में सिंधु नदी के जल को मिलाकर दोनों नदियों का मेल कराते हैं। अपनी संस्कृति को जीवंत रखने के लिए यह कार्य वर्ष 1976 में हुए इंडो-पाक समझौते के बाद से चल रहा है।डा संत युधिष्ठिर लाल ने कहा कि शदाणी दरबार द्वारा पाकिस्तान में रह रहे हिंदुओं को भारत भ्रमण कराकर सिंधु को गंगा एवं गंगा को सिंधु में मिलाने का कार्य किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि भारतीय सनातन संस्कृति सभी को अपनी और आकर्षित करती है। शदाणी दरबार भारत और पाक के बीच आध्यात्मिक यात्रा के सेतु के रूप में कार्य कर रहा है।
















