मुजफ्फरनगर जिले में प्रशासनिक व्यवस्था को सुदृढ़ और जनसमस्याओं के त्वरित समाधान के उद्देश्य से तहसील सदर के सभागार में संपूर्ण समाधान दिवस का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम की अध्यक्षता जिलाधिकारी उमेश मिश्रा एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक संजय कुमार वर्मा द्वारा संयुक्त रूप से की गई। समाधान दिवस में विभिन्न विभागों से संबंधित शिकायतें बड़ी संख्या में प्राप्त हुईं, जिनमें प्रमुख रूप से विद्युत, समाज कल्याण, राशन कार्ड, भूमि विवाद, नगर पालिका, नगर पंचायत, राजस्व, श्रम विभाग, पेंशन, सड़क और पुलिस प्रशासन से जुड़ी समस्याएं शामिल रहीं।कार्यक्रम के दौरान जिलाधिकारी उमेश मिश्रा ने सभी संबंधित विभागों के अधिकारियों को सख्त निर्देश देते हुए कहा कि संपूर्ण समाधान दिवस में प्राप्त होने वाली प्रत्येक शिकायत का निस्तारण गंभीरता और प्राथमिकता के आधार पर किया जाए। उन्होंने स्पष्ट रूप से निर्देशित किया कि अधिकारी स्वयं मौके पर जाकर शिकायतों की जांच करें और समाधान सुनिश्चित करें। यदि कोई समस्या ऐसी हो जिसका तत्काल निस्तारण संभव नहीं है, तो शिकायतकर्ता को स्पष्ट रूप से अवगत कराया जाए, ताकि पारदर्शिता बनी रहे और जनता का विश्वास कायम रहे।जिलाधिकारी ने यह भी निर्देश दिए कि समाधान दिवस में प्राप्त सभी शिकायतों का एक सप्ताह के भीतर गुणवत्तापूर्ण, संतोषजनक एवं समयबद्ध निस्तारण सुनिश्चित किया जाए।
उन्होंने चेतावनी दी कि इस कार्य में किसी भी प्रकार की लापरवाही या शिथिलता बर्दाश्त नहीं की जाएगी। साथ ही उन्होंने आईजीआरएस (Integrated Grievance Redressal System) पोर्टल पर प्राप्त शिकायतों के निस्तारण को भी गंभीरता से लेने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि शिकायतों को कंप्यूटर पर अपलोड करने से पहले उन्हें भली–भांति पढ़ा जाए, ताकि समाधान प्रक्रिया में किसी प्रकार की त्रुटि न हो।समाधान दिवस के दौरान कुल 65 शिकायतें प्राप्त हुईं, जिनमें से 5 शिकायतों का मौके पर ही निस्तारण कर दिया गया। शेष शिकायतों को संबंधित विभागों को संदर्भित करते हुए निर्देशित किया गया कि वे मौके पर जाकर निष्पक्षता और पारदर्शिता के साथ समाधान सुनिश्चित करें। जिलाधिकारी ने अधिकारियों से यह भी कहा कि शिकायतकर्ता से फीडबैक अवश्य लिया जाए कि वह समाधान से संतुष्ट है या नहीं, और मौके की फोटो भी ली जाए, जिससे कार्य की वास्तविकता प्रमाणित हो सके।इस अवसर पर उप जिलाधिकारी सदर, मुख्य चिकित्सा अधिकारी, तहसीलदार सदर सहित अन्य विभागों के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे। संपूर्ण समाधान दिवस का मुख्य उद्देश्य जनता की समस्याओं का त्वरित और प्रभावी समाधान करना है, ताकि आम नागरिकों को सरकारी दफ्तरों के चक्कर न लगाने पड़ें और उन्हें एक ही स्थान पर न्याय मिल सके।















