मुजफ्फरनगर। खरीफ विपणन सत्र 2026-27 के लिए न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) निर्धारण से पूर्व कृषि लागत एवं मूल्य आयोग (CACP) द्वारा 24 फरवरी 2026 को किसान संगठनों के साथ एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक में पीजेंट वेलफेयर एसोसिएशन के चेयरमैन अशोक बालियान और भारतीय किसान यूनियन अराजनैतिक के राष्ट्रीय प्रवक्ता धर्मेंद्र मलिक ने किसानों के हित में विस्तृत सुझाव प्रस्तुत किए। आयोग के चेयरमैन विजय पॉल शर्मा सहित विभिन्न सलाहकारों व सदस्य संगठनों ने भी विचार साझा किए।
अशोक बालियान ने कहा कि MSP निर्धारण केवल लागत का विषय नहीं, बल्कि देश की खाद्य सुरक्षा, किसानों की आय स्थिरता और फसल विविधीकरण से जुड़ा महत्वपूर्ण मुद्दा है। उन्होंने मांग की कि वास्तविक लागत C2 और कटाई के बाद की लागत (D) के आधार पर लाभकारी मूल्य सुनिश्चित किया जाए। साथ ही जोखिम के आधार पर फसलों पर 50 प्रतिशत, 60-70 प्रतिशत तथा उच्च जोखिम या नाशवान फसलों पर 70 से 100 प्रतिशत तक लाभ जोड़ा जाए।
धर्मेंद्र मलिक ने कहा कि जिन फसलों पर MSP घोषित होता है, उनकी प्रभावी खरीद की गारंटी अनिवार्य की जाए तथा जिन फसलों पर MSP घोषित नहीं है, उनके लिए बाजार हस्तक्षेप योजना को मजबूत किया जाए। उन्होंने क्षेत्रीय लागत अंतर को ध्यान में रखते हुए व्यावहारिक मूल्य निर्धारण और आयात-निर्यात नीति को MSP के अनुरूप संतुलित करने की मांग की, ताकि किसानों को सस्ते आयात से नुकसान न हो।
बैठक में प्रस्तुत ज्ञापन में आठ प्रमुख मांगें रखी गईं। इसमें C2 लागत पर 100 प्रतिशत लाभ जोड़कर MSP घोषित करने और उसे कानूनी संरक्षण देने की मांग प्रमुख रही। साथ ही MSP सूची में और फसलों को शामिल कर फसल विविधीकरण को बढ़ावा देने, राज्यवार अधिकतम लागत आंकड़ों को आधार बनाने, खरीद केंद्रों पर ड्रायर, सफाई उपकरण, इलेक्ट्रॉनिक कांटे जैसी सुविधाएं उपलब्ध कराने तथा 24 घंटे के भीतर भुगतान सुनिश्चित करने की बात कही गई।
ज्ञापन में यह भी उल्लेख किया गया कि पिछले वर्ष किसानों को कई फसलों का घोषित MSP नहीं मिल पाया और मंडियों में कीमतें 35 प्रतिशत तक कम रहीं। उत्तर प्रदेश में धान 1600 रुपये प्रति कुंतल बिकने का उदाहरण देते हुए इसे गंभीर स्थिति बताया गया। किसान संगठनों ने उम्मीद जताई कि आयोग किसानों की मांगों पर गंभीरता से विचार कर न्यायपूर्ण MSP घोषित करेगा, जिससे किसानों की आय और जीवन स्तर में सुधार संभव हो सके।















