मध्य प्रदेश के छिंदवाड़ा जिले में एक दर्दनाक घटना सामने आई है, जहां खांसी के इलाज में इस्तेमाल किए जा रहे Coldrif नामक कफ सिरप पीने से अब तक 11 मासूम बच्चों की मौत हो चुकी है। ये सभी बच्चे पिछले कुछ दिनों से बीमार थे और उन्हें स्थानीय अस्पतालों में यही सिरप दिया गया था। रिपोर्ट के अनुसार, बच्चों की तबीयत बिगड़ने के बाद उन्हें उल्टियां, पेशाब रुकना और बेहोशी जैसे गंभीर लक्षण दिखाई दिए। जांच में पाया गया कि सिरप में डाइएथिलीन ग्लाइकोल नामक जहरीला केमिकल मौजूद था, जो किडनी को गंभीर नुकसान पहुंचाता है। यह वही केमिकल है जो इससे पहले कई देशों में बच्चों की मौत का कारण बन चुका है।
राज्य सरकार ने तुरंत कार्रवाई करते हुए Coldrif कफ सिरप की बिक्री, वितरण और उपयोग पर प्रतिबंध लगा दिया है। साथ ही इस सिरप के सैंपल को सेंट्रल ड्रग्स लैब, कोलकाता में जांच के लिए भेजा गया है। स्वास्थ्य विभाग ने सिरप बनाने वाली कंपनी पर भी केस दर्ज कर लिया है और उसके उत्पादन इकाई को सील कर दिया गया है। प्रारंभिक जांच में यह भी सामने आया है कि सिरप का बैच नियमानुसार टेस्टिंग से नहीं गुजरा था।
मुख्यमंत्री ने मामले की गंभीरता को देखते हुए उच्च स्तरीय जांच के आदेश दिए हैं और मृत बच्चों के परिजनों को मुआवजा देने की घोषणा की है। सरकार ने सभी जिलों के स्वास्थ्य अधिकारियों को निर्देश दिया है कि वे बाजार में उपलब्ध इस सिरप के सभी स्टॉक को तुरंत जब्त करें ताकि ऐसी घटना दोबारा न हो।















