मुजफ्फरनगर। जिलाधिकारी उमेश मिश्रा के आदेशों के अनुपालन में मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ सुनील तेवतिया द्वारा अपने कार्यालय कक्ष में जनता दर्शन का आयोजन किया गया। इस दौरान उन्होंने सोशल डिस्टेंसिंग के नियमों का पूरी तरह पालन कराते हुए आमजन की समस्याओं और शिकायतों को गंभीरता से सुना।जनता दर्शन में बड़ी संख्या में लोग विभिन्न विभागों से जुड़ी समस्याएं लेकर पहुंचे थे। इनमें स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार, चिकित्सकों की उपलब्धता, सरकारी योजनाओं का लाभ न मिलने, गांवों में चिकित्सा सुविधाओं की कमी, और अस्पतालों में दवाओं की अनुपलब्धता जैसी शिकायतें प्रमुख रहीं। डॉ तेवतिया ने प्रत्येक व्यक्ति की बात ध्यानपूर्वक सुनी और संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि प्राप्त शिकायतों का निस्तारण प्राथमिकता के आधार पर किया जाए।उन्होंने यह स्पष्ट किया कि किसी भी स्तर पर लापरवाही अथवा शिथिलता बर्दाश्त नहीं की जाएगी। आमजन की समस्याओं का समाधान समयबद्ध तरीके से होना चाहिए ताकि प्रशासन के प्रति जनता का विश्वास बना रहे। उन्होंने उपस्थित अधिकारियों को यह भी कहा कि शिकायतों के निस्तारण में पारदर्शिता और उत्तरदायित्व सुनिश्चित किया जाए।जनता दर्शन के दौरान स्वास्थ्य विभाग के विभिन्न अधिकारी भी मौजूद रहे जिन्होंने मौके पर ही कई शिकायतों का समाधान कर दिया। वहीं जिन मामलों में तत्काल निस्तारण संभव नहीं था, उन्हें रिकॉर्ड में दर्ज कर संबंधित विभागों को तत्काल कार्रवाई के लिए निर्देशित किया गया।इस अवसर पर उपस्थित नागरिकों ने अपनी बात खुलकर रखी और प्रशासन द्वारा इस प्रकार की जनसुनवाई की पहल की सराहना की। लोगों ने उम्मीद जताई कि आगे भी इस तरह की जनता दर्शन की नियमित व्यवस्था बनी रहेगी ताकि आम जनता को अपनी समस्याओं के समाधान के लिए भटकना न पड़े।जनता दर्शन का यह आयोजन प्रशासनिक पारदर्शिता और जनउत्तरदायी शासन की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। इससे न केवल आमजन की समस्याएं सुनी जा रही हैं, बल्कि उनके समाधान की प्रक्रिया को भी गति मिल रही है।















