यूपी की तरह यूरोप में भी भेड़ियों का आतंक, शिकारियों को दी गई छूट!

यूरोप में भेड़ियों को संरक्षित करने वाले नियमों में ढील दी जा रही है. 1970 के दशक में विलुप्त होने की कगार पर पहुंच चुके भेड़ियों को बचाने के लिए यूरोपीय संघ ने 1979 में भेड़ियों को संरक्षित प्रजातियों की लिस्ट में डाला था. अब जब उनकी संख्या ठीक हो गई है, तो संघ ने इन नियमों में ढील देने का फैसला किया है. यह बदलाव शिकार के कड़े नियमों को आसान करेगा.इसके पीछे की वजह किसानों की वे शिकायतें हैं, जिनमें बढ़ती भेड़ियों की संख्या उनके मवेशियों के लिए खतरनाक बताई गई है, किसानों की शिकायत है कि भेड़िये उनके जानवरों को खा रहे हैं. यूरोपीय संघ के इस फैसले का पर्यावरण समूहों और एक्टिविस्टों ने विरोध किया है. पर्यावरण समूहों का कहना है कि भेड़ियों की संख्या बढ़ी है, लेकिन उनकी जनसंख्या अभी पूरी तरह से ठीक नहीं हुई है.

EU प्रमुख की घोड़ी भी भेड़ियों का शिकार

यूरोप में भेड़ियों की आबादी 2023 तक करीब 20,300 थी, जिसमें 23 देशों में प्रजनन समूह मौजूद हैं. भेड़ियों के आतंक का खतरा इस बात से लगाया जा सकता है कि यूरोपीय संघ के प्रमुख की घोड़ी को भी भेड़ियों ने अपना शिकार बना लिया था. यूरोपीय आयोग की चीफ उर्सुला वॉन डेर लेयेन ने पिछले साल कहा था कि भेड़ियों के प्रोटेक्शन लॉ की समीक्षा की जाएगी. डेर ने बताया, “कुछ यूरोपीय क्षेत्रों में भेड़ियों के झुंड एक बड़ा खतरा बन गया है, खासकर पशुओं के लिए.” भेड़ियों का मुद्दा वॉन डेर लेयेन के लिए व्यक्तिगत हो सकता है, क्योंकि दो साल पहले जर्मनी के एक गांव में उनके घर में एक भेड़िये ने घोड़ी को मार डाला है.

पर्यावरण समूहों का विरोध

पर्यावरण समूहों ने इस फैसले का विरोध करते हुए कहा है कि भेड़ियों की संख्या में भले ही बढ़ोतरी हुई है, लेकिन आबादी अभी भी पूरी तरह से ठीक नहीं हुई है. पर्यावरण समूह WWF के वरिष्ठ नीति अधिकारी सबियन लीमन्स ने AFP न्यूज एजेंसी से कहा, “हम इसे राजनीति से प्रेरित प्रस्ताव मानते हैं और यह बिल्कुल भी विज्ञान पर आधारित नहीं है.” करीब 300 समूहों द्वारा साइन किए गए एक विरोध पत्र में कहा गया है कि भेड़ियों की समस्या शिकार से खत्म नहीं होगी.

भारत में भेड़ियों का आतंक

उत्तर प्रदेश बहराइच जिले के 35 गांवों में पिछले दो महीनों से आदमखोर भेड़ियों का खौफ बना हुआ है. खबरों के मुताबिक अब तक भेड़ियों ने करीब एक दर्जन लोगों को अपना निशाना बनाया है. वन विभाग और प्रशासनिक अधिकारी भेड़ियों को पकड़ने में लगे हैं, भेड़ियों की निगरानी के लिए ड्रोनों का भी इस्तेमाल किया जा रहा है. इसके बावजूद कई भेड़िये अभी भी गिरफ्त में नहीं आ पाए हैं.

लाइव विडियो
विज्ञापन
क्रिकेट स्कोर
राशिफल
DELHI Weather
Recent Posts