बांग्लादेश।नोबल पुरस्कार से सम्मानित अर्थशास्त्री मोहम्मद यूनुस गुरुवार को बांग्लादेश की अंतरिम सरकार के प्रमुख के तौर पर शपथ लेंगे। इससे पहले बुधवार को उन्होंने सभी से ‘शांति कायम करने’ और ‘हर प्रकार की हिंसा से बचने’ की अपील की।
वहीं दूसरी ओर प्राधिकारी कानून-व्यवस्था पर नियंत्रण करने में जुटे हैं। शेख हसीना के अपदस्थ होने के बाद देश के सुरक्षा महकमे में बड़ा फेरबदल किया गया है।
सेना प्रमुख जनरल वकार-उज-जमां ने बुधवार को घोषणा की कि अंतरिम सरकार गुरुवार को रात करीब आठ बजे शपथ लेगी। उन्होंने कहा कि सलाहकार परिषद में 15 सदस्य हो सकते हैं। जनरल जमां ने कहा कि सशस्त्र बल यूनुस को हरसंभव सहायता प्रदान करेंगे। मंगलवार को नजरबंदी से मुक्त हुईं बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी (बीएनपी) की अध्यक्ष और पूर्व प्रधानमंत्री खालिदा जिया ने यूनुस के विचारों का समर्थन करते हुए कहा कि राष्ट्र निर्माण के लिए ‘क्रोध’ या ‘प्रतिशोध’ नहीं बल्कि ‘प्रेम और शांति’ की आवश्यकता है।
यूनुस ने शीर्ष पद के लिए उनका नाम आगे करने वाले छात्र आंदोलन के समन्वयकों को ‘बहादुर छात्र’ कहते हुए बधाई दी। उन्होंने कहा कि इन छात्रों ने ‘हमारे दूसरे विजय दिवस को संभव बनाने’ का बीड़ा उठाया। उन्होंने एक बयान में कहा, ‘किसी भी संवेदनहीन हिंसा में शामिल होकर मौका न जाया करें। हिंसा हमारी दुश्मन है। कृपया और दुश्मन न बनाएं। शांति कायम करें और देश के निर्माण के लिए तैयार हो जाएं।
उन्होंने कहा, ‘अगर हम हिंसा का रास्ता अपनाएंगे तो सब कुछ नष्ट हो जाएगा। कृपया शांत रहें। अपने आसपास के लोगों की शांत रहने में मदद करें।’ अर्थशास्त्री ने कहा, ‘आइए हम अपनी नई जीत का सर्वोत्तम उपयोग करें। अपनी गलतियों के कारण यह मौका न जाने दें। मैं सभी से विनम्रतापूर्वक शांति बनाए रखने की अपील करता हूं। हर प्रकार की हिंसा से बचें।’
स्थानीय मीडिया में आईं खबरों के अनुसार मंगलवार तक देश भर में हसीना की अवामी लीग पार्टी के कम से कम 29 समर्थकों के शव बरामद किए गए, जिसके चलते जुलाई में पहली बार विरोध प्रदर्शन शुरू होने के बाद से लगभग तीन सप्ताह में मरने वालों की कुल संख्या 469 हो गई है। शेख हसीना ने सोमवार को बांग्लादेश से सैन्य विमान से रवाना होकर दिल्ली के निकट हिंडन वायुसेना अड्डे पर पहुंची थीं।
सेना प्रमुख ने स्वीकार किया कि हसीना के सत्ता से हटने के बाद लूटपाट और अराजकता की घटनाएं हुई है, जिसके बाद यूनुस ने देशवासियों से अपील की है। उन्होंने कहा कि पुलिस बल ‘पूरी तरह से निष्क्रिय’ हो गए हैं और नौसेना व वायु सेना के साथ-साथ सेना का उनकी जगह लेना संभव नहीं है। यूनुस ने अपने बयान में बांग्लादेश को ‘संभावनाओं से भरा खूबसूरत देश’ भी कहा।
उन्होंने कहा, ‘हमें इसकी रक्षा करनी चाहिए और इसे अपने लिए और अपनी आने वाली पीढ़ियों के लिए एक अद्भुत देश बनाना चाहिए।’ इस बीच, पुलिस के एक शीर्ष अधिकारी ने कहा कि हाल की हिंसा में पुलिसकर्मियों की मौत कुछ गैर-पेशेवर और अति महत्वाकांक्षी अधिकारियों के कारण हुई, जिन्होंने मानवाधिकारों का उल्लंघन किया।
पुलिस मुख्यालय में संवाददाता सम्मेलन को संबोधित करते हुए, नवनियुक्त पुलिस महानिरीक्षक मोहम्मद मोइन उल इस्लाम ने कहा कि कुछ गैर-पेशेवर अधिकारियों ने बल प्रयोग के स्वीकृत सिद्धांतों का पालन नहीं किया और मानवाधिकारों का उल्लंघन किया।
















