मुजफ्फरनगर। बुढ़ाना क्षेत्र के गांव कुरथल निवासी पूर्व सीएमओ जगबीर सिंह ने युवाओं, पेपर लीक और प्रदेश की राजनीति को लेकर केंद्र एवं उत्तर प्रदेश सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि इतिहास गवाह है कि दुनिया में बड़े परिवर्तन हमेशा युवा शक्ति के बल पर हुए हैं। रूस और फ्रांस की क्रांति इसका उदाहरण हैं। उनका कहना था कि देश का युवा अब बदलाव चाहता है और उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव 2027 से इसकी शुरुआत होगी। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रदेश के युवा लगातार पेपर लीक जैसी गंभीर समस्याओं से जूझ रहे हैं, जिससे उनका भविष्य प्रभावित हो रहा है। जगबीर सिंह ने दावा किया कि भाजपा शासनकाल में देशभर में 152 पेपर लीक की घटनाएं हो चुकी हैं, जबकि उत्तर प्रदेश में भी कई भर्ती परीक्षाओं के प्रश्नपत्र लीक हुए हैं। उन्होंने कहा कि नीट परीक्षा का पेपर लगातार लीक होने के बावजूद सरकार ने कथित पेपर लीक माफिया के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई नहीं की। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार आलोचनात्मक आवाजों को दबाने का प्रयास कर रही है और भ्रष्टाचार के कारण लाखों युवाओं का भविष्य संकट में है। उन्होंने कहा कि इस मुद्दे को सबसे पहले राहुल गांधी ने प्रमुखता से उठाया और युवाओं के समर्थन में देशभर में अभियान चलाया। उन्होंने दावा किया कि पेपर लीक और बेरोजगारी से नाराज छात्र-छात्राओं ने जंतर-मंतर पर प्रदर्शन किया, जहां उन्हें विपक्ष का समर्थन मिला। उन्होंने 20 जुलाई को संसद कूच के दौरान छात्रों पर हुई पुलिस कार्रवाई की भी आलोचना करते हुए इसे लोकतांत्रिक मूल्यों के विपरीत बताया। जगबीर सिंह ने प्रदेश के युवाओं से संगठित होकर बदलाव के लिए आगे आने का आह्वान किया और कहा कि 2027 के विधानसभा चुनाव में कांग्रेस की सरकार बनाने के लिए युवाओं को निर्णायक भूमिका निभानी चाहिए। उन्होंने कहा कि पेपर लीक की घटनाएं छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ हैं और इस पर कठोर कार्रवाई होना समय की मांग है।























































