शुकतीर्थ में रामकथा के समापन पर भावविभोर हुए श्रद्धालु,

मुजफ्फरनगर के शुकतीर्थ में आयोजित नवदिवसीय “मानस शुकतीर्थ” रामकथा के नवम एवं अंतिम दिवस पर कथा व्यास मोरारी बापू ने रामराज्य, मातृसेवा, मौन और तीर्थ की महिमा का अत्यंत भावपूर्ण वर्णन किया। कथा के समापन अवसर पर हजारों श्रद्धालु भक्ति और श्रद्धा में डूबे नजर आए। कथा स्थल पर आध्यात्मिक वातावरण के बीच श्रद्धालुओं ने रामनाम संकीर्तन और भजनों का आनंद लिया।

कथा के आरंभ में बापू ने कहा कि जीवन में संतुलन और सामंजस्य बनाए रखने के लिए मौन और एकाग्रता का विशेष महत्व है। उन्होंने शुकदेव जी के प्रसंग के माध्यम से मौन की शक्ति का वर्णन करते हुए मातृशक्ति के प्रति सम्मान व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि जन्मदात्री माता के साथ-साथ गंगा माता, भागवत माता, कथा माता, वाणी माता और भारत माता का भी विशेष महत्व है। भारतीय संस्कृति में गौमाता सहित सभी मातृस्वरूपों की सेवा और सम्मान को सर्वोच्च स्थान दिया गया है। मातृ दिवस के अवसर पर उन्होंने प्रत्येक व्यक्ति से अपनी माताओं की श्रद्धा भाव से सेवा करने का संदेश दिया।

कथा के दौरान बापू ने रामेश्वरम प्रसंग का उल्लेख करते हुए बताया कि समुद्र पर बना सेतु वानर सेना की तुलना में छोटा था, लेकिन भगवान श्रीराम के विराट स्वरूप के दर्शन के लिए समुद्र के असंख्य जलचर सतह पर आ गए और उन्हीं के सहारे वानर सेना ने समुद्र पार किया। उन्होंने कहा कि जब रावण को यह समाचार मिला कि श्रीराम की सेना लंका पहुंच चुकी है, तो उसने अपने भय को छिपाने के लिए उत्सव आयोजित किया।

बापू ने हनुमान और चंद्रमा का प्रसंग सुनाते हुए कहा कि चंद्रमा पर दिखाई देने वाले काले दाग प्रभु श्रीराम की श्याम छवि हैं, क्योंकि चंद्रमा उनके परम भक्त हैं। उन्होंने ब्रह्म की चार कलाओं अग्नि, सूर्य, चंद्रमा और विद्युत का भी उल्लेख किया। कथा में अंगद-रावण संवाद, कुम्भकर्ण और इंद्रजीत वध तथा अंत में भगवान श्रीराम द्वारा रावण वध का मार्मिक वर्णन किया गया। उन्होंने कहा कि अंतिम समय में रावण ने भी राम नाम का स्मरण किया और प्रभु धाम को प्राप्त हुआ।

कथा के समापन में बापू ने कहा कि जहां शास्त्र, साधना, स्वच्छता, संत और सनातन संस्कृति का वास हो, वही वास्तविक तीर्थ है। उन्होंने अपनी 977वीं “मानस शुकतीर्थ” कथा को शुकतीर्थ की पावन भूमि को समर्पित करते हुए कथा को विराम दिया, जिसके बाद श्रद्धालु भावविभोर हो उठे।

लाइव विडियो
विज्ञापन
क्रिकेट स्कोर
राशिफल
DELHI Weather
Recent Posts