गुरुग्राम में बीते 24 घंटे में हुई 160 मिलीमीटर बारिश ने शहर का जनजीवन अस्त-व्यस्त कर दिया। मंगलवार रात से शुरू हुई बारिश बुधवार दोपहर तक लगातार होती रही, जिसके कारण कई इलाकों में पानी भर गया और सड़कें तालाब जैसी नजर आने लगीं। शहर की प्रमुख सड़कों पर जलभराव के कारण वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। दिल्ली-जयपुर हाईवे पर हालात सबसे ज्यादा खराब रहे, जहां रात 12 बजे के बाद भी गाड़ियां जाम में फंसी रहीं। भारी वाहनों और ऑफिस से लौट रहे लोगों को घंटों तक जाम झेलना पड़ा।
मौसम विभाग के अनुसार, इतनी ज्यादा बारिश एक दिन में कम ही दर्ज की जाती है। इस वजह से सीवरेज सिस्टम भी जवाब दे गया और जगह-जगह पानी भरने से लोग पैदल निकलने तक में परेशान हुए। सेक्टर-29, आईएमटी मानेसर, शंकर चौक, सोहना रोड और गोल्फ कोर्स रोड पर हालात बेहद बिगड़े रहे। कई जगहों पर नाले और ड्रेन उफान पर आ गए, जिससे आसपास की कॉलोनियों में भी पानी भर गया।
लोगों का कहना है कि नगर निगम और प्रशासन ने जलभराव की समस्या को रोकने के लिए पहले से कोई ठोस तैयारी नहीं की थी। बारिश शुरू होते ही पंपिंग मशीनें भी देर से लगाई गईं, जिसके कारण दिक्कत और बढ़ गई। देर रात तक पुलिस और ट्रैफिक विभाग के जवान जाम खुलवाने की कोशिश में जुटे रहे, लेकिन हाईवे पर हालात सामान्य करने में काफी देर लगी।
गुरुग्राम में लगातार बारिश और जाम की वजह से लोगों की दिनचर्या प्रभावित हुई। ऑफिस जाने वाले कर्मचारी समय पर नहीं पहुंच सके, वहीं स्कूल जाने वाले बच्चों और अभिभावकों को भी परेशानी का सामना करना पड़ा। लोगों ने प्रशासन से अपील की है कि जलभराव और ट्रैफिक जाम की समस्या के स्थायी समाधान के लिए ठोस कदम उठाए जाएं।















