मुजफ्फरनगर। साइबर क्राइम पुलिस ने बॉस स्कैम के माध्यम से व्यापारी की कंपनी से दो करोड़ रुपये की साइबर ठगी करने वाले गिरोह के एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार, ठगी गई धनराशि में से 1 करोड़ 24 लाख रुपये वापस कराए जा चुके हैं। मामले में पुलिस अन्य पहलुओं की भी जांच कर रही है।
पुलिस के मुताबिक, यह कार्रवाई राष्ट्रीय साइबर जागरूकता माह अभियान के तहत वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक सूरज कुमार राय के पर्यवेक्षण में की गई। पुलिस अधीक्षक अपराध इंदु सिद्धार्थ, क्षेत्राधिकारी अपराध सुभाषचंद और साइबर क्राइम थाना प्रभारी कर्मवीर सिंह के नेतृत्व में पुलिस टीम ने आरोपी को गिरफ्तार किया।जांच में सामने आया कि FUTURE MOBILE LLP कंपनी के अकाउंटेंट को कंपनी के एक कर्मचारी की ओर से जिप फाइल प्राप्त हुई थी। अकाउंटेंट ने इस फाइल को कंपनी के कंप्यूटर पर खोल लिया, जिसके बाद सिस्टम में मालवेयर इंस्टॉल हो गया। इसके बाद साइबर अपराधियों ने कंप्यूटर पर चल रहे व्हाट्सऐप अकाउंट पर कब्जा कर लिया। आरोपियों ने व्हाट्सऐप पर कंपनी मालिक के मोबाइल नंबर की जगह अपना नंबर सेव कर लिया और मालिक बनकर अकाउंटेंट से बातचीत शुरू कर दी।
कंपनी मालिक के नाम पर विश्वास में लेकर आरोपियों ने अकाउंटेंट से अपने बताए बैंक खातों में दो करोड़ रुपये ट्रांसफर करा लिए। इस तरह कंपनी के साथ धोखाधड़ी की गई। साइबर अपराध की इस पद्धति को बॉस स्कैम कहा जाता है, जिसमें अपराधी किसी वरिष्ठ अधिकारी या कंपनी मालिक की पहचान का इस्तेमाल कर कर्मचारी से रकम ट्रांसफर कराते हैं।कंपनी मालिक की तहरीर पर साइबर क्राइम थाने में मुकदमा दर्ज किया गया था। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए गिरोह के एक आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। साथ ही ठगी गई रकम में से 1.24 करोड़ रुपये वापस कराए जा चुके हैं। पुलिस साइबर ठगी से जुड़े अन्य तथ्यों की जांच कर रही है।















