देश की राजधानी में हाल ही में शुरू हुए Delhi Metro के नए मैजेंटा लाइन कॉरिडोर पर चोरों ने बड़ी वारदात को अंजाम दिया है। जानकारी के अनुसार इस आधुनिक रूट के शुरू होने के महज चार दिन के भीतर ही करीब 1000 मीटर सिग्नलिंग केबल चोरी कर ली गई। इस घटना के बाद मेट्रो संचालन प्रभावित हुआ और सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल खड़े हो गए हैं। चोरी की वजह से ट्रेनों को कम रफ्तार से चलाना पड़ा, जिससे यात्रियों को भी काफी परेशानी का सामना करना पड़ा।
दरअसल, 9.9 किलोमीटर लंबे इस कॉरिडोर का उद्घाटन हाल ही में Narendra Modi ने किया था। यह कॉरिडोर दीपाली चौक से मजलिस पार्क तक बनाया गया है और इसे दिल्ली मेट्रो के मैजेंटा लाइन विस्तार का अहम हिस्सा माना जा रहा है। उद्घाटन के बाद इस रूट पर नियमित संचालन शुरू हुआ ही था कि गुरुवार को चोरों ने बड़ी सेंध लगा दी। Delhi Metro Rail Corporation के अनुसार भलस्वा और मजलिस पार्क स्टेशनों के बीच ट्रैक के किनारे बिछाई गई सिग्नलिंग केबल को काटकर चोर लगभग 1000 मीटर लंबा हिस्सा लेकर फरार हो गए।
सिग्नलिंग केबल मेट्रो संचालन के लिए बेहद महत्वपूर्ण मानी जाती है, क्योंकि इसी के माध्यम से ट्रेनों की गति, दूरी और सिग्नल सिस्टम नियंत्रित किया जाता है। केबल चोरी होने के कारण इस सेक्शन पर ट्रेनों को सुरक्षा के मद्देनजर धीमी गति से चलाना पड़ा। इससे मेट्रो सेवाओं की समय सारिणी भी प्रभावित हुई और यात्रियों को स्टेशन पर अधिक समय तक इंतजार करना पड़ा।
घटना की जानकारी मिलने के बाद दिल्ली मेट्रो और सुरक्षा एजेंसियों में हड़कंप मच गया। डीएमआरसी की टीम ने तुरंत मौके पर पहुंचकर तकनीकी जांच शुरू की और क्षतिग्रस्त केबल को बदलने का काम भी शुरू कर दिया। साथ ही पुलिस को भी इस घटना की सूचना दी गई, जिसके बाद आसपास के इलाकों में जांच और तलाशी अभियान शुरू किया गया। अधिकारियों का कहना है कि मेट्रो जैसे हाई-सिक्योरिटी नेटवर्क में इस तरह की चोरी गंभीर चिंता का विषय है और भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए सुरक्षा व्यवस्था और मजबूत की जाएगी।इस घटना ने मेट्रो कॉरिडोर की सुरक्षा पर भी कई सवाल खड़े कर दिए हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि नई लाइनों पर निगरानी और सुरक्षा व्यवस्था को और सख्त करने की जरूरत है, ताकि इस तरह की घटनाओं को समय रहते रोका जा सके और यात्रियों को सुरक्षित और निर्बाध मेट्रो सेवा मिलती रहे।















