मुजफ्फरनगर। समाजवादी पार्टी ने 29 मार्च को दादरी में आयोजित होने वाली “समाजवादी समानता भाईचारा रैली” को लेकर जनपद स्तर पर जोरदार तैयारियां शुरू कर दी हैं। इस रैली को पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव की मौजूदगी के कारण बेहद अहम माना जा रहा है, और इसे आगामी चुनावी रणनीति से जोड़कर भी देखा जा रहा है। मुजफ्फरनगर में सपा कार्यालय पर आयोजित बैठक में जिलाध्यक्ष ज़िया चौधरी एडवोकेट ने बताया कि जिले से बड़ी संख्या में कार्यकर्ताओं को रैली में ले जाने की योजना बनाई गई है। उन्होंने जानकारी दी कि करीब 300 से अधिक कारें और लगभग 50 बसें दादरी के लिए रवाना होंगी, जिनमें हजारों की संख्या में कार्यकर्ता और समर्थक शामिल होंगे। पार्टी का लक्ष्य है कि रैली में अधिकतम भीड़ जुटाकर अपनी ताकत और जनाधार का प्रभावी प्रदर्शन किया जाए।बैठक का संचालन जिला महासचिव सोमपाल सिंह कोरी ने किया, जबकि जिला मीडिया प्रभारी साजिद हसन ने इस रैली को पार्टी के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण बताते हुए कहा कि सभी पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं को जिम्मेदारियां सौंप दी गई हैं और वे पूरी तैयारी के साथ जुटे हुए हैं। उन्होंने कहा कि यह कार्यक्रम केवल एक रैली नहीं बल्कि संगठन की मजबूती और कार्यकर्ताओं की सक्रियता का परीक्षण भी है। जिलाध्यक्ष ने सभी पदाधिकारियों, कार्यकर्ताओं और समर्थकों से आह्वान किया कि वे अधिक से अधिक संख्या में दादरी पहुंचकर इस रैली को सफल बनाएं और पार्टी की एकजुटता का संदेश दें।बैठक में राकेश शर्मा समेत कई वरिष्ठ नेता और कार्यकर्ता मौजूद रहे, जिन्होंने अपने–अपने स्तर पर तैयारियों की जानकारी दी और रैली को सफल बनाने के लिए रणनीति बनाई। राजनीतिक जानकारों का मानना है कि यह रैली आगामी 2027 के विधानसभा चुनावों को ध्यान में रखते हुए आयोजित की जा रही है, जिसमें समाजवादी पार्टी अपने पारंपरिक वोट बैंक को मजबूत करने के साथ–साथ नए सामाजिक समीकरण साधने की कोशिश कर रही है। “समानता और भाईचारा” के संदेश के जरिए पार्टी विभिन्न वर्गों को जोड़ने का प्रयास कर रही है।रैली को लेकर पूरे जिले में उत्साह का माहौल देखा जा रहा है और कार्यकर्ता सक्रिय रूप से लोगों को इसमें शामिल होने के लिए प्रेरित कर रहे हैं। अब सभी की निगाहें 29 मार्च पर टिकी हैं, जब दादरी में सपा के इस शक्ति प्रदर्शन के जरिए राजनीतिक माहौल को नई दिशा मिलने की उम्मीद जताई जा रही है।















