मुजफ्फरनगर में समाजवादी पार्टी के नेताओं और कार्यकर्ताओं ने रामपुर स्थित मौलाना मोहम्मद अली जौहर यूनिवर्सिटी की 38 इमारतों को ध्वस्त करने के आदेश के विरोध में जोरदार प्रदर्शन किया। समाजवादी अल्पसंख्यक सभा के जिलाध्यक्ष अब्दुल्ला कुरैशी के नेतृत्व में कार्यकर्ता सपा कार्यालय से जिलाधिकारी कार्यालय तक पैदल मार्च करते हुए पहुंचे और राज्यपाल के नाम संबोधित ज्ञापन सिटी मजिस्ट्रेट को सौंपा। प्रदर्शन के दौरान सपा नेताओं ने भाजपा सरकार पर शिक्षा और छात्रों के हितों की अनदेखी करने का आरोप लगाया।
ज्ञापन में सपा नेताओं ने कहा कि भाजपा सरकार नई शिक्षण संस्थाएं स्थापित करने और शिक्षा व्यवस्था को मजबूत करने में विफल रही है, जबकि आज़म खान द्वारा स्थापित मौलाना मोहम्मद अली जौहर यूनिवर्सिटी को राजनीतिक दुर्भावना के चलते निशाना बनाया जा रहा है। उनका आरोप था कि यूनिवर्सिटी की 38 इमारतों को ध्वस्त करने का आदेश गैरकानूनी और छात्र विरोधी है, जिससे वहां अध्ययन कर रहे छात्र-छात्राओं के भविष्य पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ेगा। नेताओं ने कहा कि यह कदम शिक्षा के विकास के बजाय उसे कमजोर करने वाला है और सरकार को इस फैसले पर पुनर्विचार करना चाहिए।
सपा अल्पसंख्यक सभा के प्रदेश उपाध्यक्ष सरदार देवेंद्र सिंह खालसा, मौलाना मोहम्मद नज़र, सपा नेता साजिद हसन तथा पूर्व सपा एमएलसी प्रत्याशी गौरव जैन ने कहा कि जौहर यूनिवर्सिटी शिक्षा के क्षेत्र में महत्वपूर्ण योगदान दे रही है और इसे नुकसान पहुंचाना प्रदेश के विद्यार्थियों के हितों के खिलाफ है। उन्होंने सरकार से ध्वस्तीकरण आदेश तत्काल वापस लेने और यूनिवर्सिटी के संचालन को सुचारु रूप से जारी रखने की मांग की।
प्रदर्शन में मुलायम सिंह यादव यूथ ब्रिगेड के जिलाध्यक्ष राशिद मलिक, यूथ ब्रिगेड के राष्ट्रीय सचिव फहीम अहमद, शमशेर मलिक, डॉ. इसरार अल्वी, सलमान त्यागी, डॉ. हनीफ अंसारी, सैयद फरीद, हाजी गुफरान तेवड़ा, वसीम राणा, सलीम अंसारी, फिरोज अंसारी, सलीम कुरैशी, उम्रदराज अंसारी, अनीस साहिल सहित बड़ी संख्या में सपा पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद रहे। प्रदर्शन शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ।























































