जम्मू कश्मीर से अनुच्छेद 370 हटाने के सात साल पूरे होने पर श्रीनगर में महबूबा मुफ्ती की अगुवाई वाली पीपुल्स डेमोक्रेटिक पार्टी (पीडीपी) ने प्रोटेस्ट किया। महबूबा मुफ्ती खुद प्रदर्शन के लिए सड़क पर उतरीं लेकिन तिरंगा उलटा पकड़ने पर विवाद में घिर गईं।
पुलवामा में मार्च कर रही उनकी बेटी इल्तिजा मुफ्ती पुलिस के रोकने पर भड़क गईं। इल्तिजा ने नीट पेपर लीक के मुद्दे पर हुए जेन जी के प्रदर्शन की तरह की विरोध करने की णमकी दी। केंद्र सरकार ने पांच अगस्त को अनुच्छेद 370 हटाया था। इससे जम्मू कश्मीर को विशेष राज्य का दर्जा मिला हुआ था।
पुलिस के रोकने पर भड़कीं इल्तिजा
इल्तिजा मुफ्ती ने पुलवामा के विधायक वहीद पारा और प्रवक्ता मोहित भान समेत पार्टी नेताओं के साथ मिलकर यहां सोनवार में विरोध मार्च निकाला। आर्टिकल 370 को बहाल करने की मांग करते हुए नारे लगाते हुए पीडीपी नेताओं ने डलगेट इलाके की ओर मार्च करने की कोशिश की, लेकिन पुलिस ने उन्हें रोक दिया। पत्रकारों से बात करते हुए इल्तिजा ने कहा कि पार्टी शांतिपूर्ण तरीके से विरोध करना चाहती है। उन्होंने कहा कि यह बहुत शांतिपूर्ण विरोध है। हम यहां कोई कानून नहीं तोड़ना चाहते, लेकिन आप देख सकते हैं कि कल पुलिस ने हमारे साथ कैसा बर्ताव किया।
पुलिस फैला रही है आतंक: इल्तिजा
मैं प्रधानमंत्री और गृह मंत्री को याद दिलाना चाहती हूं कि हम इसके लिए लड़ेंगे। हम इसके लिए शांतिपूर्ण विरोध करना चाहते हैं। आप हमसे वह अधिकार भी छीन रहे हैं। यहां पुलिस असली आतंक फैला रही है।” इल्तिजा ने आरोप लगाया कि मंगलवार रात के विरोध प्रदर्शन के दौरान पुलिस ने उनके साथ धक्का-मुक्की की। PDP नेता ने कहा कि पार्टी उन अधिकारों के लिए लड़ेंगीं जो सात साल पहले हमसे छीन लिए गए थे। उन्होंने कहा कि कल आपने देखा जब हम बाहर निकले, तो मेरे शरीर पर अभी भी चोट के निशान हैं। हमारे साथ कितनी धक्का-मुक्की और बदसलूकी की गई, हमारे फोन छीन लिए गए, इसके बावजूद हमारे कार्यकर्ता अभी भी PDP ऑफिस में बैठे हैं और शांतिपूर्ण तरीके से विरोध कर रहे हैं। इसलिए हम यहां कुछ भी गैर-कानूनी नहीं कर रहे हैं।
Gen Z जैसे घुटनों पर लाएंगे
इल्तिजा मुफ्ती ने धमकी दी कि उन्होंने कहा कि जिस तरह Gen-Z ने सरकार को घुटनों पर ला दिया। हम भी उन्हें उसी तरह मजबूर करेंगे। उन्होंने आगे कहा कि हम यह पक्का करेंगे कि आपको हमारा झंडा, हमारा कानून, हमारा संविधान और बाकी सब कुछ बहाल करना पड़े। उन्होंने सत्ताधारी नेशनल कॉन्फ्रेंस की भी आलोचना करते हुए कहा कि पार्टी राज्य का दर्जा पाने के लिए विरोध कर रही है, जबकि उन्हें जम्मू-कश्मीर के विशेष दर्जे के लिए लड़ना चाहिए था। इल्तिजा ने कहा कि हम कोई गैर-कानूनी काम नहीं कर रहे हैं। हम संघर्ष कर रहे हैं। आप देख ही रहे हैं कि हमारी पार्टी टूट गई, फिर भी आज अनंतनाग, पुलवामा, राजौरी, पुंछ और श्रीनगर में हमारे कार्यकर्ता संघर्ष कर रहे हैं। हम अपने अधिकार मांग रहे हैं। हम कुछ भी अतिरिक्त नहीं मांग रहे हैं।























































