मुजफ्फरनगर के रिजर्व पुलिस लाइन सभागार में सहारनपुर परिक्षेत्र के पुलिस उपमहानिरीक्षक अभिषेक सिंह द्वारा पुलिस पेंशनर्स के साथ एक महत्वपूर्ण गोष्ठी का आयोजन किया गया, जिसमें सेवानिवृत्त पुलिसकर्मियों की समस्याओं को गंभीरता से सुना गया और उनके त्वरित समाधान के लिए अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। कार्यक्रम के दौरान डीआईजी ने सभी पेंशनर्स से व्यक्तिगत रूप से परिचय प्राप्त किया और उनकी निजी, पारिवारिक, स्थानीय तथा विभागीय समस्याओं के बारे में विस्तार से चर्चा की। साथ ही पेंशनर्स द्वारा दिए गए सुझावों को भी गंभीरता से नोट किया गया।
गोष्ठी को संबोधित करते हुए डीआईजी अभिषेक सिंह ने कहा कि सेवानिवृत्त पुलिसकर्मी पुलिस परिवार का अभिन्न हिस्सा हैं और उनकी समस्याओं का समाधान विभाग की प्राथमिकता है। उन्होंने पेंशनर्स के अनुभवों को अमूल्य बताते हुए कहा कि उनका अनुभव वर्तमान पुलिस व्यवस्था के लिए मार्गदर्शक साबित हो सकता है। जिले की संवेदनशीलता को ध्यान में रखते हुए उन्होंने पेंशनर्स से अपील की कि वे अपने आसपास होने वाली गतिविधियों पर सतर्क नजर रखें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि या असामाजिक तत्व की सूचना तुरंत पुलिस अधिकारियों को दें। उन्होंने कहा कि पेंशनर्स समाज में पुलिस की ‘आंख और कान’ बनकर शांति व्यवस्था बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं।
बैठक के दौरान बढ़ते साइबर अपराधों को लेकर भी विस्तृत चर्चा की गई। डीआईजी ने पेंशनर्स को डिजिटल फ्रॉड के नए तरीकों के बारे में जानकारी देते हुए सतर्क रहने की सलाह दी। उन्होंने साइबर हेल्पलाइन नंबर की जानकारी साझा करते हुए बताया कि थोड़ी सी सावधानी बरतकर अपनी जमा पूंजी को सुरक्षित रखा जा सकता है। इस अवसर पर वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक संजय कुमार वर्मा, पुलिस अधीक्षक नगर अमृत जैन, पुलिस अधीक्षक ग्रामीण अक्षय संजय महाडीक, पुलिस अधीक्षक अपराध इंदु सिद्धार्थ, अपर पुलिस अधीक्षक सिद्धार्थ के मिश्रा सहित अन्य पुलिस अधिकारी एवं कर्मचारी मौजूद रहे। गोष्ठी का उद्देश्य पेंशनर्स और विभाग के बीच बेहतर संवाद स्थापित करना और उनकी समस्याओं का त्वरित समाधान सुनिश्चित करना रहा।















