केंद्र सरकार ने किसानों के हित में एक बड़ा कदम उठाते हुए अब तक 6 करोड़ से अधिक किसानों को डिजिटल पहचान पत्र जारी किए हैं। यह पहल केंद्रीय कृषि मंत्रालय और राज्य सरकारों के संयुक्त प्रयास से शुरू की गई है। फिलहाल यह योजना देश के 14 राज्यों में लागू की गई है।
डिजिटल आईडी को किसानों की जमीन के रिकॉर्ड से जोड़ा गया है, जिससे कृषि योजनाओं और सब्सिडी का लाभ सीधे और पारदर्शी तरीके से किसानों तक पहुंच सके। इस पहचान पत्र के जरिए सरकार यह सुनिश्चित करना चाहती है कि सही किसान तक सही लाभ समय पर पहुंचे।
सरकार का लक्ष्य देश के सभी पात्र किसानों को डिजिटल पहचान उपलब्ध कराना है। इससे फर्जीवाड़े की आशंका कम होगी और सरकारी योजनाओं के क्रियान्वयन में पारदर्शिता बढ़ेगी। आने वाले समय में इस डिजिटल आईडी का उपयोग किसान क्रेडिट कार्ड, बीमा योजनाओं और अन्य सरकारी सेवाओं से जोड़ने की योजना है।















