मुजफ्फरनगर। कलेक्ट्रेट परिसर में आयोजित जनसुनवाई के दौरान जिलाधिकारी उमेश मिश्रा ने जिले के विभिन्न ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों से बड़ी संख्या में पहुंचे फरियादियों की समस्याएं गंभीरता से सुनीं। सुबह से ही कलेक्ट्रेट परिसर में लोगों की भीड़ उमड़ पड़ी, जहां सैकड़ों की संख्या में नागरिक अपनी-अपनी शिकायतों और समस्याओं को लेकर पहुंचे। जनसुनवाई के दौरान भूमि विवाद, राजस्व संबंधी प्रकरण, पुलिस शिकायतें, पेंशन, आवास, राशन कार्ड, विद्युत, पेयजल, सड़क, स्वास्थ्य तथा अन्य विभागों से जुड़ी समस्याएं प्रमुख रूप से सामने आईं।
जिलाधिकारी ने प्रत्येक फरियादी की शिकायत को ध्यानपूर्वक सुना और कई मामलों का मौके पर ही समाधान कराया। जिन शिकायतों का तत्काल निस्तारण संभव नहीं था, उन्हें संबंधित विभागों के अधिकारियों को सौंपते हुए समयबद्ध कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि आमजन को अनावश्यक रूप से कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें और प्रत्येक शिकायत का निष्पक्ष, पारदर्शी तथा निर्धारित समय सीमा के भीतर समाधान किया जाए।
जनसुनवाई के दौरान जिलाधिकारी ने उपस्थित अधिकारियों को निर्देशित किया कि शासन की मंशा के अनुरूप प्रत्येक पीड़ित की समस्या को प्राथमिकता के आधार पर लिया जाए। उन्होंने कहा कि किसी भी स्तर पर लापरवाही या शिकायतों के निस्तारण में अनावश्यक देरी स्वीकार नहीं की जाएगी। यदि किसी अधिकारी या कर्मचारी की उदासीनता सामने आती है तो उसके विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने अधिकारियों से संवेदनशीलता के साथ कार्य करने और जनता की समस्याओं का समाधान गुणवत्तापूर्ण ढंग से करने पर विशेष जोर दिया।
ग्रामीण क्षेत्रों से आए अनेक फरियादियों ने अपनी समस्याओं को सीधे जिलाधिकारी के समक्ष रखने का अवसर मिलने पर संतोष व्यक्त किया। कई लोगों की शिकायतों का तत्काल समाधान होने से उनके चेहरों पर राहत दिखाई दी। वहीं अन्य शिकायतों के संबंध में संबंधित विभागों को आवश्यक निर्देश जारी किए गए, जिससे पीड़ितों को शीघ्र न्याय मिलने की उम्मीद जगी।
जनसुनवाई कार्यक्रम के माध्यम से एक बार फिर यह संदेश दिया गया कि जिला प्रशासन आमजन की समस्याओं के समाधान के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। जिलाधिकारी ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि शासन की जनहितकारी योजनाओं का लाभ पात्र लोगों तक समय पर पहुंचे तथा प्रत्येक शिकायत का निष्पक्ष, प्रभावी और समयबद्ध निस्तारण सुनिश्चित किया जाए, ताकि लोगों का प्रशासन पर विश्वास और अधिक मजबूत हो।























































