हरिद्वार |सांसद त्रिवेंद्र सिंह रावत ने हरिद्वार में एक बयान में कहा कि केंद्र सरकार का बजट भारत को पांच ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित होगा। इस बजट में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश के उद्योगों को बढ़ावा देने के लिए विशेष रूप से इंफ्रास्ट्रक्चर पर जोर दिया है। उद्योगों के भाड़ा खर्च को 20% से घटाकर 9% पर लाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इससे न केवल सुदूर क्षेत्रों में उत्पादित उत्पादों की लागत कम होगी, बल्कि उन्हें विश्व भर में एक नया बाजार भी मिलेगा।रविवार को भाजपा जिला हरिद्वार की ओर से मध्य हरिद्वार स्थित एक होटल में उद्योग जगत की प्रमुख हस्तियों से बजट पर संवाद कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि सांसद त्रिवेंद्र सिंह रावत ने कहा कि पहले जहां एक क्षेत्र के विकास के लिए बजट का प्रावधान करने में ही दशकों बीत जाते थे, 50 के दशक में स्थापित एम्स को पूर्ण रूप से विकसित होने में 30 वर्षों का समय लगा, जबकि अब मात्र 10 वर्ष में 7 एम्स पूर्ण रूप से विकसित किए जा चुके हैं।कहा कि हिमाचल के सुदूर क्षेत्रों में पैदा होने वाली मटर को बेंगलुरु पहुंचने की लागत लगभग 80 रुपये प्रति किलो आती है, जो आधारभूत संरचनाओं में विकास किए जाने के बाद आधी से भी कम हो जाएगी। इसका सीधा लाभ किसानों को मिलेगा।
सांसद ने कहा कि आज देश में उत्पादन होने वाली दवाओं का लगभग 20% उत्तराखंड के उद्योगों में बनाई जा रही है। मोदी सरकार निरंतर उद्योगों को सुविधा प्रदान करने में लगी हुई है।उद्योगपतियों व व्यापारियों से सुझावों को आमंत्रित करते हुए कहा कि आपके सुझाव मोदी सरकार को और स्पष्ट विजन के साथ काम करने में मददगार साबित होंगे। जिला अध्यक्ष संदीप गोयल ने कहा कि मोदी सरकार के तीसरे कार्यकाल के प्रथम बजट में मोदी का विजन स्पष्ट दिखाई दे रहा है। मोदी लोक लुभावन योजनाओं की अपेक्षा दूरगामी परिणाम देने वाले कार्यक्रमों को लागू करने में विश्वास रखते हैं।
इस मौके पर ओमप्रकाश जमदग्नि, आशुतोष शर्मा, प्रमुख उद्योगपति अविनाश ओहरी, आशु चौधरी, लव शर्मा, प्रमुख उद्योगपति मनोज गौतम, केतन गर्ग, विनीत धीमान, एमआर शर्मा, हरेंद्र गर्ग, पराग सक्सेना, हिमेश कपूर, व्यापारी नेता विमल कुमार, कैलाश केसवानी, संजीव चौधरी, राजीव भट्ट, अनमोल गर्ग, श्याम अरोड़ा, आशुतोष पांडे, विकास तिवारी आदि मौजूद रहे।















