अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने घोषणा की है कि रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन यूक्रेन युद्ध में एक सप्ताह के लिए लड़ाई रोकने पर सहमत हो गए हैं।ट्रंप ने यह जानकारी व्हाइट हाउस की कैबिनेट बैठक में दी। यह बैठक अमेरिकी सरकार के शटडाउन पर चर्चा के लिए आयोजित की गई थी, जहां ट्रंप ने गाजा युद्धविराम और यूक्रेन संकट पर भी नवीनतम अपडेट दिए। उन्होंने बताया कि यह फैसला क्षेत्र में भीषण ठंड के कारण लिया गया है।
राष्ट्रपति ट्रंप ने कहा, “बेहद ठंडी की वजह से… मैंने व्यक्तिगत रूप से राष्ट्रपति पुतिन से कीव और अन्य शहरों पर गोलीबारी न करने का अनुरोध किया था।” उन्होंने पुष्टि की कि पुतिन इस विराम के लिए सहमत हो गए हैं।
ट्रंप ने इस सहमति को “बहुत अच्छा” बताया और जोर देकर कहा, “क्योंकि इस मौसम में मिसाइलों का उनके कस्बों में आना, उन्हें इसकी बिल्कुल भी जरूरत नहीं है।” उन्हें लगा कि यह एक सकारात्मक कदम है। उन्होंने यह भी जोड़ा, “यूक्रेन को तो लगभग इस पर विश्वास ही नहीं हुआ था और वे इसे सुनकर बहुत खुश थे क्योंकि वे बहुत बुरी तरह जूझ रहे हैं।
यूक्रेन और रूस में ‘कोल्ड स्नैप’का कहर
दरअसल, यूक्रेन और रूस इस समय भीषण शीत लहर, जिसे ‘कोल्ड स्नैप’ कहते हैं, की चपेट में हैं। स्थानीय रिपोर्टों के अनुसार, यूक्रेन में तापमान माइनस 27 डिग्री सेल्सियस तक गिर गया है। स्टेट इमरजेंसी सर्विस ने फरवरी के लिए हवा के तापमान में भारी गिरावट की चेतावनी दी है। यूक्रेनियन हाइड्रोमेटोरोलॉजिकल सेंटर का अनुमान है कि 1 से 3 फरवरी की रातों में अधिकांश क्षेत्रों में तापमान माइनस 20 से 27 डिग्री सेल्सियस तक गिर सकता है।
तापमान माइनस 20-25°C के नीचे पहुंचा
स्थानीय समाचारों के अनुसार कीव, चेर्निहाइव, ज़ाइटॉमिर, रिव्ने, सूमी, पोल्टावा और खार्किव जैसे क्षेत्रों में, साथ ही राजधानी कीव में भी, रात का तापमान माइनस 20-25°C और दिन का तापमान माइनस 15-22°C रहने का पूर्वानुमान है।इसी बीच, रूस में भी तापमान लगातार गिर रहा है। पिछले हफ्ते एशिया में आई शीत लहर के कारण रूस के सुदूर पूर्व क्षेत्र में 60 साल की सबसे भारी बर्फबारी दर्ज की गई, जिससे जनजीवन प्रभावित हुआ है। रॉयटर्स की एक रिपोर्ट के अनुसार, वैज्ञानिकों ने इस मौसमी बदलाव को आर्कटिक से आने वाली ठंडी हवा की लहरों से जोड़ा है, जो एक साथ पूर्वी रूस, एशिया और पूर्वी यूरोप को प्रभावित कर रही हैं।















