बुढ़ाना, मुजफ्फरनगर। पंजाब नेशनल बैंक की बुढ़ाना शाखा में सोमवार को दोहरी नहीं बल्कि तिहरी खुशी का माहौल देखने को मिला, जब बैंक का 132वां स्थापना दिवस बड़े ही उत्साह और गरिमा के साथ मनाया गया। इसी अवसर पर भारत रत्न डॉ. भीमराव आंबेडकर की 135वीं जयंती और पंजाब केसरी लाला लाजपत राय की जयंती भी श्रद्धा व सम्मान के साथ आयोजित की गई। कार्यक्रम को यादगार बनाने के लिए बैंक परिसर को रंग-बिरंगे गुब्बारों और फूल-मालाओं से आकर्षक रूप से सजाया गया। समारोह के दौरान केक काटकर तीनों अवसरों का उत्सव मनाया गया और महापुरुषों को नमन किया गया।
कार्यक्रम का शुभारंभ शाखा प्रबंधक अंकुर चौधरी द्वारा डॉ. आंबेडकर और लाला लाजपत राय के चित्रों पर माल्यार्पण एवं पुष्प अर्पित कर किया गया। इसके बाद बैंक स्टाफ और उपस्थित ग्राहकों की मौजूदगी में केक काटा गया। इस दौरान “बाबा साहेब अमर रहें” और “लाला लाजपत राय अमर रहें” जैसे नारों से पूरा परिसर गूंज उठा, जिससे माहौल और भी भावुक व प्रेरणादायक बन गया।
इस मौके पर शाखा प्रबंधक अंकुर चौधरी ने अपने संबोधन में कहा कि डॉ. भीमराव आंबेडकर ने भारतीय संविधान का निर्माण कर देश को एकता के सूत्र में बांधा और समाज के वंचित वर्गों को उनके अधिकार दिलाए। वहीं लाला लाजपत राय ने स्वतंत्रता संग्राम में अहम भूमिका निभाते हुए “साइमन गो बैक” का नारा दिया और देश की आजादी के लिए अपने प्राणों की आहुति दी। उन्होंने कहा कि दोनों महापुरुषों का जीवन त्याग, संघर्ष और राष्ट्रसेवा का प्रतीक है, जिनसे हमें प्रेरणा लेनी चाहिए। उन्होंने कर्मचारियों से आह्वान किया कि वे इन महान व्यक्तित्वों के आदर्शों को अपने जीवन और कार्यशैली में अपनाएं तथा ग्राहकों के साथ समानता और सम्मान का व्यवहार करें।
बैंक अधिकारी कौशल कुमार ने भी अपने विचार व्यक्त करते हुए कहा कि पंजाब नेशनल बैंक सदैव सामाजिक सरोकारों से जुड़ा रहा है और पिछले 132 वर्षों से देश की आर्थिक उन्नति में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है। उन्होंने बताया कि बैंक न केवल आधुनिक डिजिटल बैंकिंग सेवाएं प्रदान कर रहा है, बल्कि सामाजिक दायित्वों का भी पूरी निष्ठा से निर्वहन कर रहा है। ऐसे आयोजनों के माध्यम से नई पीढ़ी को महान विभूतियों के योगदान और बलिदान से अवगत कराया जाता है।
कार्यक्रम के दौरान बैंक परिसर में विशेष सजावट की गई थी, जिससे एक उत्सव जैसा माहौल बना रहा। प्रवेश द्वार से लेकर मुख्य हॉल तक गुब्बारों की सुंदर सजावट की गई थी और महापुरुषों के चित्रों को फूल-मालाओं से अलंकृत किया गया था। कार्यक्रम में आए सभी ग्राहकों और अतिथियों को मिष्ठान वितरण किया गया, जिसे सभी ने सराहा।















