विधान परिषद चुनाव से पहले कांग्रेस विधानमंडल दल के नेता विजय वडेट्टीवार और चंद्रपुर की सांसद प्रतिभा धानोरकर के बीच विवाद समाप्त होने से चंद्रपुर-गड़चिरोली के कार्यकर्ताओं के साथ ही एड।अभिजीत वंजारी के समर्थकों को भी बड़ी राहत मिली है। लोकसभा चुनाव के समय से दोनों नेताओं के बीच शुरू हुआ विवाद इस साल की शुरुआत में महानगरपालिका चुनाव के दौरान चरम पर पहुंच गया था।
इसके परिणामस्वरूप चंद्रपुर में अधिक सीटें मिलने के बावजूद कांग्रेस सत्ता से दूर रह गई। इसके बाद विभिन्न पदों को लेकर दोनों नेताओं के बीच खींचतान जारी रही। फरवरी में मुंबई में पार्टी के वरिष्ठ नेताओं के निर्देश के बाद विवाद खत्म होने की घोषणा की गई थी लेकिन जमीनी स्तर पर स्थिति अलग ही नजर आ रही थी। अब पार्टी के एक कार्यक्रम में वडेट्टीवार ने प्रतिभा धानोरकर का सीधे उल्लेख करते हुए कहा कि आज से हमारे सभी मतभेद और झगड़े खत्म हो गए हैं।
गुटबाजी और मतभेद कोई नई बात नहीं
इसके साथ ही उन्होंने दोनों के बीच चल रहे विवाद पर विराम लगाने का संकेत दिया। वहीं धानोरकर ने भी कहा कि वडेट्टीवार पर हमें विश्वास है। इससे पार्टी व कार्यकर्ताओं को ही लाभ होगा। कांग्रेस नेताओं के बीच गुटबाजी और मतभेद कोई नई बात नहीं है। इसका असर कई बार चुनावों में भी देखने को मिलता है। अब विधान परिषद चुनाव घोषित होने के बाद अभिजीत वंजारी के सामने चंद्रपुर-गड़चिरोली की चुनौती थी।
सभी जिलों को भी अपनाना चाहिए यही पहल
कांग्रेस के अधिकांश जिलों में गुटबाजी और नेताओं के बीच मतभेद कई कार्यक्रमों के माध्यम से सामने आते रहे हैं। कई जगह समानांतर कार्यक्रम भी आयोजित किए जाते हैं। वडेट्टीवार और धानोरकर ने विवाद को विराम दिया है, इसलिए अन्य जिलों के नेताओं को भी इसी तरह पहल करनी चाहिए। कांग्रेस के एक वरिष्ठ नेता ने विश्वास जताया कि यदि कहीं मतभेद हैं तो उन्हें दूर कर आपसी समझौता किया जाए तो इससे पार्टी को मजबूती मिलेगी।















