कश्मीर में वक्फ बोर्ड से जुड़े नए कानून को लेकर दो प्रमुख मुस्लिम पार्टियां – नेशनल कॉन्फ्रेंस (NC) और पीपुल्स डेमोक्रेटिक पार्टी (PDP) आमने-सामने आ गई हैं। पीडीपी अध्यक्ष महबूबा मुफ्ती ने वक्फ संपत्तियों पर सरकारी नियंत्रण बढ़ाए जाने का आरोप लगाया है, वहीं नेशनल कॉन्फ्रेंस नेता उमर अब्दुल्ला ने इस पर सवाल उठाने की बजाय इसे “बेहतर प्रबंधन” की दिशा में कदम बताया है। वक्फ बोर्ड की नई संरचना और उसकी निगरानी में हुए बदलावों से दोनों पार्टियों की राजनीतिक विचारधारा और प्रभाव क्षेत्र को चुनौती मिल रही है। इसके चलते वक्फ की जमीनें अब सिर्फ धार्मिक नहीं, बल्कि राजनीतिक संघर्ष का केंद्र बनती जा रही हैं। जनता के बीच मुस्लिम धार्मिक संस्थाओं की स्वायत्तता को लेकर चिंता बढ़ रही है, और यही मुद्दा अब घाटी की राजनीति का नया गरम केंद्र बन गया है।















