भास्कर न्यूज़ उत्तर प्रदेश उत्तराखंड
बुढ़ाना। ब्लाक के गांव जौला का विकास सिर्फ कागजों तक ही सीमित है। रविवार को दिन निकलने से पहले ही अर्धरात्रि मे हुई बारिश ने गांव जौला में जगह-जगह छोटे-छोटे तालाब बनाकर ग्रामीणों को आश्चर्यचकित करके रख दिया। मदरसे में जाने वाले काफी बच्चे सड़कों पर लबालब भरे पानी में को ही निकलकर गये। जिसके चलते गांव जौला की सड़कों की हालत अत्यंत गम्भीर है। इस संबंध में ना ही तो कोई सुनने वाला है ओर ना ही कोई कहने वाला है। ग्रामीण संबंधित अधिकारियों के अलावा ग्राम समिति और ग्राम सचिव को कहते कहते थक गए लेकिन समस्या का समाधान आज तक नई हो पाया है। जहां तक ग्राम सचिव और ग्राम समिति के अध्यक्ष की बात आती है तो ग्रामीणों ने सैंकड़ों बार अलग अलग समय पर सोशल मीडिया पर और हैंड टू हैंड प्रार्थना पत्र देकर दोनों को समय समय पर उक्त समस्याओं से अवगत कराया गया लेकिन कोई भी सुनने को तैयार नही है। यहां के जौला यूथ क्लब के एक पदाधिकारी का साफ कहना है कि कई बार तो मुजफ्फरनगर एप पर भी शिकायत की गई है लेकिन किसी भी शिकायत का निस्तारण ग्राम सचिव विजय शेखर समय पर नही कर पा रहे हैं। इसलिए गांव में ज्यादा समस्या पैदा हो रही है। बीडीओ भी कुंभकर्णी नींद में सोए हुए हैं।















