मुजफ्फरनगर राणा पब्लिक स्कूल के छात्र-छात्राओं का एक विशेष प्रतिनिधिमंडल 14 नवंबर को चिल्ड्रन डे के अवसर पर राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू से मिलने राष्ट्रपति भवन पहुंचा। यह अवसर छात्रों के लिए अत्यंत प्रेरणादायक और यादगार साबित हुआ। पूरे कार्यक्रम का नेतृत्व प्रधानाचार्या योगिता रस्तोगी और उप प्रधानाचार्य अब्दुल समद ने किया, जबकि इस समूह का संचालन हिंदुस्तान स्काउट गाइड के ए.एस.ओ.सी. अंकित चौधरी ने संभाला। छात्र-छात्राएं उत्साह और जिज्ञासा के साथ राष्ट्रपति भवन पहुंचे, जहां उनके स्वागत की विशेष व्यवस्था की गई।
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने बच्चों से व्यक्तिगत रूप से बातचीत की और उनकी पढ़ाई, गतिविधियों, सपनों और भविष्य की योजनाओं के बारे में विस्तार से जाना। राष्ट्रपति ने बच्चों को प्रोत्साहित करते हुए कहा कि देश का भविष्य इन्हीं छोटे-छोटे कदमों से आगे बढ़ता है और एक जिम्मेदार नागरिक बनने के लिए शिक्षा, अनुशासन और संस्कार सबसे महत्वपूर्ण स्तंभ हैं। उन्होंने प्रत्येक छात्र-छात्रा को उपहार भी भेंट किए और चिल्ड्रन डे की हार्दिक शुभकामनाएं दीं। बच्चों के चेहरे पर खुशी और गर्व साफ झलक रहा था, क्योंकि देश की सर्वोच्च संवैधानिक पदाधिकारी से मिलना उनके लिए किसी उपलब्धि से कम नहीं था।
इस अवसर पर राणा पब्लिक स्कूल के अध्यक्ष नूर सलीम राणा ने भी उपस्थित होकर सभी बच्चों का उत्साहवर्धन किया। उन्होंने कहा कि स्कूल का उद्देश्य केवल किताबों तक सीमित नहीं है, बल्कि बच्चों को ऐसे अवसर प्रदान करना है, जो उन्हें सामाजिक, सांस्कृतिक और राष्ट्रीय मूल्यों से जोड़ें। उन्होंने छात्रों को प्रेरित करते हुए कहा कि इस तरह के अनुभव बच्चों में आत्मविश्वास बढ़ाते हैं और उन्हें बड़े सपने देखने तथा उन्हें पूरा करने का साहस देते हैं।
प्रधानाचार्या योगिता रस्तोगी ने इस मुलाकात को छात्रों के सीखने और व्यक्तित्व विकास के लिए एक महत्वपूर्ण पड़ाव बताया। उन्होंने कहा कि ऐसी मुलाकातें बच्चों को न केवल राष्ट्र की संस्थाओं के बारे में जागरूक करती हैं, बल्कि उनमें नेतृत्व क्षमता विकसित करने का भी मार्ग प्रशस्त करती हैं। उप प्रधानाचार्य अब्दुल समद ने भी इस कार्यक्रम को एक ऐतिहासिक क्षण बताते हुए कहा कि बच्चे भविष्य में जब भी इस दिन को याद करेंगे, तो उन्हें प्रेरणा का एक नया स्रोत मिलेगा।
कार्यक्रम का संचालन कर रहे अंकित चौधरी ने बताया कि बच्चों को राष्ट्रपति से मिलने का अवसर मिलना अत्यंत सौभाग्य की बात है। उन्होंने कहा कि यह दिन न केवल बच्चों के लिए बल्कि पूरे स्कूल परिवार के लिए गर्व का क्षण है।
राष्ट्रपति भवन से लौटते समय बच्चों में नई उमंग, नई ऊर्जा और सीखने की तीव्र इच्छा देखी गई। राणा पब्लिक स्कूल का यह प्रयास निश्चित रूप से छात्रों के जीवन में एक महत्वपूर्ण छाप छोड़ने वाला है, जो उन्हें देश और समाज के प्रति जिम्मेदार, जागरूक और सशक्त नागरिक बनने की दिशा में प्रेरित करेगा।















