मुजफ्फरनगर जिले में वित्तीय वर्ष एवं शैक्षिक सत्र 2025-26 के लिए दशमोत्तर छात्रवृत्ति एवं शुल्क प्रतिपूर्ति योजना के अंतर्गत आवेदन प्रक्रिया को लेकर पिछड़ा वर्ग कल्याण अधिकारी शक्ति सरन श्रीवास्तव ने महत्वपूर्ण जानकारी साझा की है। उन्होंने बताया कि प्रदेश सरकार द्वारा मान्यता प्राप्त जनपद के समस्त अन्य दशमोत्तर कक्षाओं से संबंधित शैक्षिक संस्थानों तथा उनमें अध्ययनरत छात्रों के लिए छात्रवृत्ति पोर्टल खोलने हेतु संशोधित समय सारिणी जारी कर दी गई है।यह योजना कक्षा 11 और 12 को छोड़कर अन्य उच्च शिक्षण संस्थानों में अध्ययनरत छात्रों पर लागू होगी। इसके अंतर्गत पिछड़ी जाति (अल्पसंख्यक वर्ग को छोड़कर) के पात्र छात्र-छात्राओं को छात्रवृत्ति एवं शुल्क प्रतिपूर्ति का लाभ प्रदान किया जाएगा। शासन द्वारा जारी निर्देशों के अनुसार, सबसे पहले संबंधित उच्च शिक्षण संस्थानों को अपने मास्टर डाटा और प्रोफाइल को निर्धारित समय के भीतर ऑनलाइन लॉक करना अनिवार्य होगा, ताकि छात्रों के आवेदन समय पर सत्यापित होकर आगे की प्रक्रिया में शामिल हो सकें।पिछड़ा वर्ग कल्याण अधिकारी ने बताया कि दशमोत्तर छात्रवृत्ति एवं शुल्क प्रतिपूर्ति योजना के अंतर्गत उच्च शिक्षण संस्थानों के लिए मास्टर डाटा और प्रोफाइल लॉक करने की अंतिम तिथि 23 दिसंबर 2025 से 2 जनवरी 2026 तक निर्धारित की गई है। इस अवधि के भीतर सभी संबंधित संस्थानों को अपना विवरण पोर्टल पर सही ढंग से अपडेट कर लॉक करना होगा, अन्यथा उनके यहां अध्ययनरत छात्र छात्रवृत्ति के लिए आवेदन नहीं कर पाएंगे।वहीं, छात्रों के लिए ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन और आवेदन की प्रक्रिया 10 जुलाई 2025 से प्रारंभ होकर 14 जनवरी 2026 तक चलेगी। इस अवधि में पात्र छात्र-छात्राएं अपने शैक्षिक, व्यक्तिगत एवं बैंक संबंधी विवरण भरकर आवेदन कर सकेंगे।
अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि आवेदन केवल ऑनलाइन माध्यम से ही स्वीकार किए जाएंगे और इसके लिए राज्य सरकार के अधिकृत पोर्टल https://scholarship.up.gov.in का ही उपयोग करना अनिवार्य होगा। किसी अन्य माध्यम से भेजे गए आवेदन मान्य नहीं होंगे।उन्होंने सभी पात्र छात्रों से अपील की है कि वे समय रहते आवेदन प्रक्रिया पूरी करें और अंतिम तिथि का इंतजार न करें। साथ ही शैक्षिक संस्थानों को भी निर्देश दिए गए हैं कि वे अपने स्तर से छात्रों को आवेदन संबंधी जानकारी उपलब्ध कराएं, ताकि कोई भी पात्र छात्र छात्रवृत्ति के लाभ से वंचित न रह जाए। जिला प्रशासन का उद्देश्य है कि योजना का लाभ पारदर्शी तरीके से सही छात्रों तक पहुंचे और उच्च शिक्षा में आर्थिक बाधाएं कम की जा सकें।पिछड़ा वर्ग कल्याण विभाग ने यह भी कहा है कि आवेदन के दौरान किसी प्रकार की त्रुटि या समस्या आने पर छात्र अपने संस्थान या संबंधित विभागीय कार्यालय से संपर्क कर सकते हैं। समयबद्ध और सही आवेदन से ही छात्रवृत्ति की राशि उनके खातों में हस्तांतरित की जा सकेगी।















