एशिया कप 2025 में आज भारत और पाकिस्तान के बीच होने वाला महामुकाबला सिर्फ क्रिकेट प्रेमियों के लिए नहीं बल्कि सियासतदानों के लिए भी चर्चा का विषय बन गया है। दरअसल, हाल ही में पहलगाम में हुए आतंकी हमले में 26 लोगों की मौत ने पूरे देश को झकझोर दिया था। इस हमले के बाद भारत-पाकिस्तान मैच को लेकर सवाल उठने लगे कि क्या ऐसे हालात में खेल होना चाहिए। इस बहस को और तेज करते हुए AIMIM चीफ असदुद्दीन ओवैसी ने मोदी सरकार पर सीधा हमला बोला है।
ओवैसी ने केंद्र सरकार से सवाल किया कि क्या पाकिस्तान के खिलाफ मैच से होने वाला आर्थिक फायदा उन 26 निर्दोष भारतीयों की जान से ज्यादा कीमती है जिन्होंने आतंकियों की गोली का शिकार होकर अपनी जान गंवाई। उन्होंने कहा कि सरकार एक ओर आतंकवाद के खिलाफ सख्त रुख अपनाने की बात करती है और दूसरी ओर पाकिस्तान से क्रिकेट खेलकर उसे परोक्ष रूप से फायदा पहुंचाती है।
वहीं, इस मुद्दे पर राजनीतिक दलों की अलग-अलग राय सामने आ रही है। भाजपा का कहना है कि खेल और आतंकवाद को अलग रखना चाहिए, जबकि विपक्षी दल इसे सरकार की दोहरी नीति बता रहे हैं। क्रिकेट प्रेमियों का मानना है कि खेल को राजनीति से जोड़ना सही नहीं है, क्योंकि इससे खिलाड़ियों के मनोबल पर असर पड़ता है। हालांकि, पहलगाम हमले के बाद लोगों की भावनाएं उग्र हैं और आमजन के बीच भी यह बहस छिड़ी है कि ऐसे माहौल में भारत-पाकिस्तान मैच खेला जाना चाहिए या नहीं।
अब देखना होगा कि यह महामुकाबला सिर्फ मैदान पर सिमटा रहता है या फिर इसका असर सियासत के गलियारों तक और गहराता है। कुल मिलाकर, एशिया कप का यह मैच क्रिकेट से ज्यादा एक राजनीतिक मुद्दा बन चुका है, जिस पर आने वाले दिनों तक चर्चाएं जारी रह सकती हैं।















