14 मार्च को राष्ट्रीय लोक अदालत, 28 फरवरी तक मांगी गई वादों की सूची.

मुजफ्फरनगर। अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व तथा नोडल अधिकारी लोक अदालत गजेंद्र कुमार ने जनपद के समस्त संबंधित अधिकारियों को अवगत कराते हुए बताया कि उत्तर प्रदेश राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, लखनऊ के पत्र संख्या 87/एसएलएसए-02/2026 (ऋ/सरन) दिनांक 08 जनवरी 2026 के माध्यम से 14 मार्च 2026, दिन द्वितीय शनिवार को राष्ट्रीय लोक अदालत आयोजित किए जाने का निर्णय लिया गया है। इस राष्ट्रीय लोक अदालत में अधिक से अधिक वादों को नियत कर उनके त्वरित निस्तारण की अपेक्षा की गई है, ताकि लंबित मामलों का प्रभावी समाधान सुनिश्चित किया जा सके और आमजन को शीघ्र न्याय उपलब्ध हो सके।

जारी निर्देशों के अनुसार 14 मार्च 2026 को आयोजित होने वाली राष्ट्रीय लोक अदालत में निस्तारण हेतु चिन्हित किए गए वादों की सूचना 28 फरवरी 2026 तक अपर जिलाधिकारी कार्यालय को उपलब्ध कराना अनिवार्य किया गया है। हालांकि निर्धारित समयसीमा निकट होने के बावजूद संबंधित विभागों से वांछित सूचना अभी तक प्राप्त नहीं हुई है, जिस पर गंभीरता व्यक्त की गई है। नोडल अधिकारी ने स्पष्ट किया है कि यह कार्य अत्यंत महत्वपूर्ण है और इसे शीर्ष प्राथमिकता दी जानी चाहिए।

अपर जिलाधिकारी ने सभी विभागाध्यक्षों को निर्देशित किया है कि वे अपने-अपने विभागों से संबंधित अधिकतम संख्या में ऐसे वादों को चिन्हित करें, जो सुलह-समझौते के माध्यम से लोक अदालत में निस्तारित किए जा सकते हैं। विशेष रूप से राजस्व, बैंकिंग, विद्युत, परिवहन, पारिवारिक वाद, दुर्घटना प्रतिकर, श्रम विवाद तथा अन्य दीवानी वादों को प्राथमिकता के आधार पर चिन्हित कर समय से सूची उपलब्ध कराई जाए।

उन्होंने यह भी कहा कि लोक अदालत का उद्देश्य न्यायालयों में लंबित मामलों का त्वरित, सस्ता और सुलभ समाधान प्रदान करना है। ऐसे में सभी विभागों की सक्रिय भागीदारी आवश्यक है। संबंधित अधिकारियों से पुनः अपेक्षा की गई है कि वे 28 फरवरी 2026 तक प्रत्येक दशा में चिन्हित वादों की सूचना कार्यालय को उपलब्ध कराना सुनिश्चित करें तथा 14 मार्च 2026 को आयोजित राष्ट्रीय लोक अदालत में वादों के प्रभावी निस्तारण के लिए आवश्यक तैयारियां समय से पूर्ण करें।

लाइव विडियो
विज्ञापन
क्रिकेट स्कोर
राशिफल
DELHI Weather
Recent Posts