नेपाल में हुई भारी बारिश के बाद गंडक नदी के जलस्तर में अभूतपूर्व वृद्धि हुई। इस वजह से बिहार में भीषण बाढ़ आ गई। गंडक नदी के जलस्तर में हुई अभूतपूर्व वृद्धि से बिहार के पश्चिम चंपारण, पूर्वी चंपारण, सारण, गोपालगंज, वैशाली और मुजफ्फरपुर जिले में कई गांव पानी में डूब चुके हैं।लोग अपने घरों को छोड़कर ऊंचे स्थान पर पलायन कर चुके हैं। बिहार में आई बाढ़ अब अंतरिक्ष से ली गई तस्वीरों में भी दिखाई दे रही है। अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी नासा की अर्थ ऑब्जर्वेटरी ने सैटेलाइट तस्वीरों के साथ ‘Rains Swamp the Gandak River’ शीर्षक से रिपोर्ट प्रकाशित की है।
Terra और Aqua सैटेलाइट से ली गई तस्वीरें
रिपोर्ट में बताया गया है कि नेपाल में 24 से 27 सितंबर के बीच पहाड़ी लुंबिनी और गंडकी प्रांतों में भारी बारिश के कारण भूस्खलन हुए। इससे गंडक नदी का जलस्तर कई जगहों पर रिकॉर्ड स्तर तक पहुंच गया। नासा ने अपने Terra और Aqua सैटेलाइट के MODIS चित्र के जरिए नेपाल में भारी बारिश के बाद गंडक नदी की स्थिति का आकलन किया है। रिपोर्ट में गंडक नदी में अब तक का सबसे अधिक पानी आने, कई जगह तटबंधों के ऊपर से पानी बहने और उनके टूटने और बाढ़ की स्थिति का जिक्र किया है।
‘रेंस स्वैम्प द गंडक रिवर’ शीर्षक से जारी हुई नासा की रिपोर्ट
बिहार के उपमुख्यमंत्री विजय कुमार चौधरी ने भी गंडक नदी के जलस्तर में हुई अभूतपूर्व बढ़ोतरी की बात मानी है। डिप्टी सीएम ने कहा कि बिहार में आई बाढ़ को उपग्रह से मिले डेटा के जरिए दर्ज किया गया है। विजय चौधरी ने 2 अक्टूबर को प्रकाशित नासा पृथ्वी वेधशाला की ‘रेंस स्वैम्प द गंडक रिवर’ शीर्षक वाली रिपोर्ट का हवाला देते हुए कहा कि पड़ोसी देश नेपाल में हुई असाधारण रूप से भारी बारिश के बाद गंडक नदी का जलस्तर नेपाल और भारत के कुछ हिस्सों में रिकॉर्ड स्तर तक पहुंच गया।
नासा की तस्वीर से गंडक नदी के आसपास जलमग्न क्षेत्रों के विस्तार का पता चला: चौधरी
चौधरी ने कहा कि गंडक नदी में हुई अभूतपूर्व जलवृद्धि के बाढ़ आई और बाढ़ का पानी बड़े क्षेत्रों में फैल गया, कई जगहों पर पानी तटबंधों के ऊपर से बहने लगा और कई स्थानों पर तटबंधों में दरारें भी आ गईं। जल संसाधन विभाग का भी जिम्मा संभाल रहे उपमुख्यमंत्री ने कहा कि 20 सितंबर और 29 सितंबर को नासा के उपग्रह से ली गई तस्वीरों की तुलना करने पर गंडक नदी के आसपास जलमग्न क्षेत्रों के विस्तार का पता चलता है।
देवघाट में 27 सितंबर को गंडक नदी का जलस्तर 11.94 मीटर तक पहुंचा
उन्होंने कहा कि रिपोर्ट के अनुसार, नेपाल के देवघाट में 27 सितंबर को गंडक नदी का जलस्तर 11.94 मीटर तक पहुंच गया। वहां 1960 के दशक में जलस्तर का माप शुरू होने के बाद यह अब तक का सर्वाधिक स्तर है। उन्होंने कहा कि वैज्ञानिक और उपग्रह आधारित आंकड़ों से बाढ़ के फैलाव और उसकी गंभीरता का आकलन करने में मदद मिलेगी। इस असामान्य स्थिति को बेहतर ढंग से समझने में सहायता मिलेगी।
हेलीकॉप्टरों से बाढ़ प्रभावित इलाकों में पहुंचाई जा रही खाद्य सामग्री
इस बीच, राज्य के आपदा प्रबंधन विभाग ने शनिवार को बताया कि भारतीय वायुसेना के हेलीकॉप्टरों ने सारण जिले के बाढ़ प्रभावित इलाकों में 15 उड़ानों के जरिए सूखे राशन के 5,600 से अधिक पैकेट में 28 टन से ज्यादा खाद्य सामग्री पहुंचाई। विभाग ने बताया कि यह विशेष हवाई राहत अभियान राज्य सरकार के आपदा प्रबंधन विभाग ने केंद्रीय गृह और रक्षा मंत्रालयों के समन्वय से मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के निर्देश पर चलाया।















