बुढ़ाना में आगामी ईद-उल-अजहा (बकराईद) के शांतिपूर्ण आयोजन को लेकर जमीयत उलमा-ए-हिंद की बुढ़ाना यूनिट ने एक विशेष अपील जारी करते हुए सोशल मीडिया पर कुर्बानी के फोटो और वीडियो साझा न करने का आग्रह किया है। संगठन ने कहा कि इस प्रकार की पोस्ट से किसी की भावनाएं आहत हो सकती हैं, इसलिए इससे बचा जाए। साथ ही स्पष्ट किया गया कि क्षेत्र में प्रतिबंधित जानवरों की कुर्बानी पहले भी नहीं होती थी और इस बार भी नहीं की जाएगी। मीट वितरण को भी सावधानीपूर्वक और पर्दे में करने की सलाह दी गई है।जमीयत के प्रतिनिधियों ने एसडीएम बुढ़ाना राजकुमार भारती को ज्ञापन सौंपा, जिसमें त्योहार के शांतिपूर्ण और व्यवस्थित आयोजन के लिए प्रशासन से सहयोग मांगा गया। ज्ञापन में मांग की गई कि ईद-उल-अजहा, जो 7 से 9 जून के बीच मनाई जाएगी, से पहले नगर में विशेष सफाई अभियान चलाया जाए ताकि वातावरण स्वच्छ बना रहे। इसके अलावा त्योहार के दौरान 24 घंटे निर्बाध बिजली और साफ पानी की आपूर्ति सुनिश्चित करने की मांग की गई।ज्ञापन में कुर्बानी के जानवरों को लाने-ले जाने में ट्रांसपोर्ट वाहनों पर अनावश्यक रोक-टोक या चालान न करने की अपील भी की गई है। साथ ही सभी संबंधित विभागों को स्पष्ट दिशा-निर्देश जारी करने का अनुरोध किया गया, ताकि पर्व सौहार्दपूर्ण वातावरण में मनाया जा सके। इस दौरान मौलाना मुफ्ती फरमान क़ासमी, हाफिज तहसीन राणा, मौ. आसिफ कुरैशी, मुफ्ती वसीम नफीस सहित अनेक पदाधिकारी मौजूद रहे।















