बांग्लादेश में अल्पसंख्यकों पर हो रहे अत्याचार थमने का नाम नहीं ले रहे हैं। ताजा मामला खुलना जिले का है, जहां एक हिंदू समुदाय के प्रमुख नेता का अपहरण कर बेरहमी से पीट-पीटकर हत्या कर दी गई। बताया जा रहा है कि मृतक स्थानीय स्तर पर हिंदू समुदाय के सामाजिक और धार्मिक कार्यक्रमों में सक्रिय भूमिका निभाते थे और अल्पसंख्यकों के हक के लिए आवाज उठाते थे। अपहरण के बाद उन्हें कई घंटों तक अमानवीय यातनाएं दी गईं और फिर उनकी लाश को सड़क किनारे फेंक दिया गया। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है, लेकिन अब तक किसी की गिरफ्तारी नहीं हो पाई है।
इस घटना के बाद इलाके में दहशत का माहौल है और हिंदू समुदाय में भारी आक्रोश है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि सरकार और प्रशासन अल्पसंख्यकों की सुरक्षा को लेकर गंभीर नहीं है। लगातार हो रहे हमलों और उत्पीड़न के कारण बड़ी संख्या में हिंदू परिवार पलायन करने पर मजबूर हो रहे हैं। मानवाधिकार संगठनों ने इस घटना की निंदा करते हुए बांग्लादेश सरकार से दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है और अंतरराष्ट्रीय समुदाय से भी हस्तक्षेप की अपील की है।















