मालाखेड़ा क्षेत्र में झील बचाओ किसान बचाओ संघर्ष समिति को जैसे ही संजय शर्मा के झील क्षेत्र में वन विभाग और जलदाय विभाग के अधिकारियों के साथ ट्यूबवेल लगाने की जानकारी मिली, क्षेत्र के लोगों में गहरा रोष फैल गया। गुरुवार को ग्रामीणों की एक आपात बैठक हुई, जिसके बाद संघर्ष समिति के पदाधिकारियों को जिला कलेक्टर आर्तिका शुक्ला से मिलने भेजा गया। समिति के अध्यक्ष प्रेम पटेल, सचिव भवींद्र पटेल, प्रवक्ता निहाल सिंह गुर्जर, पूर्व प्रधान जाकिर खान, उप प्रधान महेश सैनी, उमरदीन खान, पार्षद सुर्ज्ञानी मीणा, सरपंच शिवराज गुर्जर सहित अन्य प्रतिनिधियों ने ज्ञापन सौंपते हुए कहा कि झील क्षेत्र में किसी भी कीमत पर नए ट्यूबवेल नहीं लगाए जाने दिए जाएंगे, क्योंकि यह किसानों और क्षेत्रीय हितों के खिलाफ है। उन्होंने बताया कि पूर्व में झील से अपर कैनाल के माध्यम से शहर में पानी आपूर्ति की जाती थी, उसी व्यवस्था को फिर से लागू किया जाए। प्रतिनिधियों ने चेतावनी दी कि अगर जबरन ट्यूबवेल लगाने की कोशिश की गई तो किसान उग्र आंदोलन करेंगे। इस पर जिला कलेक्टर ने स्पष्ट किया कि राज्य सरकार की ओर से झील क्षेत्र में ट्यूबवेल लगाने की कोई योजना या आदेश फिलहाल नहीं है।















