मुजफ्फरनगर में आयोजित जनसुनवाई कार्यक्रम के दौरान जिलाधिकारी उमेश मिश्रा ने जिला पंचायत सभागार में पहुंचे जन सामान्य की समस्याएं नजदीक जाकर सुनीं। इस दौरान उन्होंने प्रत्येक फरियादी की बातों को गंभीरता से समझा और उनके समाधान के लिए संबंधित विभागों के अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि शासन की मंशा के अनुरूप प्रत्येक शिकायत का न सिर्फ समयबद्ध, बल्कि गुणवत्तापूर्ण निस्तारण सुनिश्चित किया जाना चाहिए ताकि आमजन को इसका सीधा लाभ मिल सके।जिलाधिकारी ने विशेष रूप से भूमि विवाद से जुड़ी शिकायतों पर ध्यान देते हुए निर्देशित किया कि ऐसे मामलों का समाधान राजस्व व पुलिस विभाग की संयुक्त टीम मौके पर जाकर करें। उन्होंने यह भी कहा कि समाधान ऐसा हो कि शिकायतकर्ता को पूर्ण संतुष्टि प्राप्त हो और भविष्य में उस मामले को लेकर कोई विवाद या परेशानी उत्पन्न न हो।उन्होंने उपस्थित अधिकारियों को दो टूक निर्देश दिए कि वे जन सुनवाई में आई शिकायतों को औपचारिकता के तौर पर न लेकर उसे पूरी गंभीरता से लें।
समस्याओं का समाधान केवल कागजों तक सीमित न रह जाए, बल्कि धरातल पर उसका स्पष्ट असर दिखना चाहिए। जिलाधिकारी ने कहा कि शासन की योजनाएं तभी सफल होंगी, जब उसका लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचेगा और उसे यह महसूस हो कि शासन–प्रशासन उसकी समस्याओं को प्राथमिकता देता है।इस अवसर पर जन सुनवाई के दौरान अपर जिलाधिकारी प्रशासन संजय कुमार सिंह भी मौजूद रहे। उन्होंने भी विभिन्न शिकायतकर्ताओं से संवाद कर समाधान के लिए आवश्यक निर्देश अधिकारियों को दिए। पूरी जनसुनवाई प्रक्रिया में यह सुनिश्चित किया गया कि कोई भी व्यक्ति बिना अपनी बात रखे वापस न लौटे।जिलाधिकारी की इस सक्रियता और संवेदनशीलता से जनसुनवाई में पहुंचे लोगों में संतोष और विश्वास का भाव देखने को मिला। यह पहल जनता और प्रशासन के बीच भरोसे की मजबूत कड़ी साबित होती दिखी।















