मुजफ्फरनगर में बढ़ते साइबर अपराधों पर लगाम लगाने के लिए चलाए जा रहे अभियान के तहत पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। व्यापारियों के साथ फर्जी भुगतान के जरिए धोखाधड़ी करने वाले एक शातिर आरोपी को साइबर क्राइम थाना पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। यह कार्रवाई मेरठ जोन और सहारनपुर परिक्षेत्र के अधिकारियों के निर्देशन तथा वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक संजय कुमार वर्मा के पर्यवेक्षण में की गई। पूरी कार्रवाई पुलिस अधीक्षक अपराध इन्दु सिद्धार्थ, क्षेत्राधिकारी अपराध और थाना साइबर क्राइम प्रभारी कर्मवीर सिंह के नेतृत्व में संपन्न हुई।मामला उस समय सामने आया जब एक व्यापारी ने साइबर क्राइम थाने में शिकायत दर्ज कराई कि एक अज्ञात व्यक्ति उसकी दुकान से करीब एक लाख रुपये का कॉपर तार खरीदकर ले गया। आरोपी ने भुगतान के समय NEFT का स्क्रीनशॉट दिखाया, जिससे व्यापारी को विश्वास हो गया कि पैसे उसके खाते में ट्रांसफर हो चुके हैं। लेकिन कुछ समय बाद जब खाते में राशि जमा नहीं हुई, तो व्यापारी को ठगी का एहसास हुआ। जांच के दौरान स्पष्ट हुआ कि आरोपी ने फर्जी स्क्रीनशॉट दिखाकर धोखाधड़ी की है।
शिकायत मिलने के बाद साइबर क्राइम टीम ने सक्रियता दिखाते हुए इलेक्ट्रॉनिक और स्टेटिक सर्विलांस की मदद से आरोपी की तलाश शुरू की। तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर पुलिस ने आरोपी की लोकेशन ट्रेस की और उसे बुढाना रोड क्षेत्र से गिरफ्तार कर लिया। पुलिस के अनुसार आरोपी काफी शातिर तरीके से व्यापारियों को निशाना बनाता था और फर्जी भुगतान दिखाकर महंगा सामान लेकर फरार हो जाता था।फिलहाल पुलिस ने आरोपी को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है और उसके खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है। साथ ही यह भी जांच की जा रही है कि आरोपी ने इस तरह की ठगी की अन्य घटनाओं को भी अंजाम दिया है या नहीं।पुलिस ने व्यापारियों और आम जनता से अपील की है कि किसी भी ऑनलाइन भुगतान के स्क्रीनशॉट पर भरोसा करने से पहले अपने बैंक खाते में राशि की पुष्टि अवश्य करें, ताकि इस तरह की साइबर ठगी से बचा जा सके।
















