मुजफ्फरनगर। मुजफ्फरनगर विकास प्राधिकरण ने अवैध निर्माण और अनधिकृत कॉलोनियों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए शहर के जोन-2 क्षेत्र में व्यापक ध्वस्तीकरण अभियान चलाया। यह कार्रवाई सहारनपुर मंडल के मंडलायुक्त की प्रेरणा और प्राधिकरण की उपाध्यक्ष कविता मीना के निर्देशों के अनुपालन में की गई। प्राधिकरण द्वारा जानसठ रोड स्थित शेरनगर क्षेत्र में लगभग 2500 वर्गमीटर भूमि पर किए गए अवैध निर्माण को ध्वस्त किया गया। इसके साथ ही न्यू मंडी, जानसठ रोड पर मेट्रो कुर्सी गोदाम के बराबर में लगभग 9000 वर्गमीटर क्षेत्र में बिना मानचित्र स्वीकृति के विकसित की जा रही अवैध कॉलोनी और प्लॉटिंग को भी बुलडोजर चलाकर समाप्त कर दिया गया।प्राधिकरण अधिकारियों के अनुसार, इन दोनों स्थलों पर भू–स्वामियों द्वारा बिना अनुमति के निर्माण कार्य और प्लॉटिंग की जा रही थी, जो नियमानुसार पूरी तरह अवैध थी। संबंधित लोगों को पहले ही नोटिस जारी कर चेतावनी दी गई थी और चालानी कार्रवाई भी की गई थी। इसके बावजूद जब अवैध निर्माण नहीं हटाया गया, तो प्राधिकरण ने सख्त रुख अपनाते हुए ध्वस्तीकरण के आदेश लागू किए।
28 मार्च 2026 को की गई इस कार्रवाई में कुल मिलाकर लगभग 11,500 वर्गमीटर भूमि पर अवैध निर्माण और कॉलोनी को ध्वस्त किया गया।ध्वस्तीकरण अभियान के दौरान प्राधिकरण के सहायक अभियंता, अवर अभियंता और अन्य कर्मचारी मौके पर मौजूद रहे। किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए संबंधित थाने की पुलिस फोर्स भी तैनात रही, जिससे पूरी कार्रवाई शांतिपूर्ण और व्यवस्थित तरीके से संपन्न हो सकी। अधिकारियों ने बताया कि यह अभियान आगे भी जारी रहेगा और शहर में कहीं भी अवैध निर्माण या बिना स्वीकृति के कॉलोनी विकसित करने की अनुमति नहीं दी जाएगी।प्राधिकरण ने आम नागरिकों से अपील की है कि वे किसी भी प्रकार की भूमि खरीदने या निर्माण कार्य शुरू करने से पहले संबंधित मानचित्र और अनुमति अवश्य प्राप्त करें, ताकि भविष्य में इस तरह की कार्रवाई से बचा जा सके। साथ ही यह भी स्पष्ट किया गया कि नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ आगे भी इसी तरह सख्त कार्रवाई की जाएगी। इस कार्रवाई से शहर में अवैध निर्माण करने वालों में हड़कंप मच गया है और प्रशासन की सख्ती का स्पष्ट संदेश गया है।















