मुजफ्फरनगर। शहर के डी.ए.वी. डिग्री कॉलेज में मिशन शक्ति फेस-5.0 अभियान के द्वितीय चरण के अंतर्गत एक व्यापक जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में छात्र–छात्राओं एवं अध्यापकगण ने भाग लिया। कार्यक्रम का उद्देश्य युवाओं, विशेष रूप से छात्राओं को सुरक्षा, सम्मान और आत्मनिर्भरता के प्रति जागरूक करना था। इस अवसर पर सहायक पुलिस अधीक्षक/क्षेत्राधिकारी नगर सिद्धार्थ मिश्रा के नेतृत्व में पुलिस टीम ने उपस्थित विद्यार्थियों को विभिन्न महत्वपूर्ण विषयों पर जानकारी दी। कार्यक्रम में थाना सिविल लाइन के प्रभारी निरीक्षक आशुतोष कुमार सिंह तथा साइबर क्राइम पुलिस टीम भी मौजूद रही, जिन्होंने अपने–अपने क्षेत्र से जुड़ी जानकारियों को सरल भाषा में समझाया।कार्यक्रम के दौरान महिला सुरक्षा को केंद्र में रखते हुए छात्राओं को उनके अधिकारों, आत्मरक्षा के उपायों और किसी भी आपात स्थिति में तत्काल सहायता प्राप्त करने के तरीकों के बारे में विस्तार से बताया गया। साथ ही यह भी समझाया गया कि बदलते डिजिटल युग में साइबर अपराध तेजी से बढ़ रहे हैं, ऐसे में सोशल मीडिया का उपयोग करते समय सतर्कता बरतना बेहद जरूरी है। अधिकारियों ने छात्रों को ऑनलाइन ठगी, फर्जी कॉल, लिंक और मैसेज से बचने के तरीके बताए तथा किसी भी संदिग्ध गतिविधि की तुरंत सूचना संबंधित हेल्पलाइन या पुलिस को देने के लिए प्रेरित किया।इसके अलावा यातायात नियमों के पालन पर भी विशेष जोर दिया गया। छात्रों को सड़क सुरक्षा के महत्व को समझाते हुए हेलमेट पहनने, सीट बेल्ट लगाने, ओवरस्पीडिंग से बचने और ट्रैफिक संकेतों का पालन करने की सलाह दी गई। अधिकारियों ने कहा कि छोटी–छोटी सावधानियां ही बड़े हादसों को रोक सकती हैं। कार्यक्रम में यह भी बताया गया कि जागरूक नागरिक ही सुरक्षित समाज की नींव रखते हैं, इसलिए हर व्यक्ति का जिम्मेदारीपूर्ण व्यवहार जरूरी है।
जागरूकता कार्यक्रम के दौरान केंद्र और राज्य सरकार द्वारा संचालित विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं की भी विस्तृत जानकारी दी गई। इनमें विधवा पेंशन योजना, वृद्धावस्था पेंशन योजना, सुकन्या समृद्धि योजना, प्रधानमंत्री आवास योजना, उज्ज्वला योजना, मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना, राष्ट्रीय पारिवारिक लाभ योजना, प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना और नशा मुक्ति भारत अभियान जैसी योजनाएं शामिल रहीं। अधिकारियों ने छात्रों को बताया कि ये योजनाएं समाज के विभिन्न वर्गों को आर्थिक एवं सामाजिक सुरक्षा प्रदान करने के उद्देश्य से चलाई जा रही हैं, जिनका लाभ जरूरतमंद लोगों तक पहुंचना चाहिए।कार्यक्रम के अंत में विभिन्न महत्वपूर्ण हेल्पलाइन नंबरों की जानकारी भी साझा की गई, जिनमें वूमेन पावर लाइन 1090, महिला हेल्पलाइन 181, पुलिस आपातकालीन सेवा 112, स्वास्थ्य सेवाएं 102 और 108, मुख्यमंत्री हेल्पलाइन 1076, चाइल्ड हेल्पलाइन 1098 तथा साइबर क्राइम हेल्पलाइन 1930 शामिल हैं। उपस्थित सभी छात्र–छात्राओं को जागरूकता संबंधी पंपलेट वितरित किए गए और उन्हें इन सेवाओं का अधिक से अधिक उपयोग करने के लिए प्रेरित किया गया। कार्यक्रम के माध्यम से छात्रों में सुरक्षा, जागरूकता और जिम्मेदारी की भावना को मजबूत करने का प्रयास किया गया।
















