मुजफ्फरनगर। प्रदेश की राजधानी लखनऊ स्थित लोकभवन में आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बाल विकास सेवा एवं पुष्टाहार विभाग में चयनित 2425 महिला अभ्यर्थियों को मुख्य सेविका पद पर तथा महिला कल्याण विभाग में चयनित 15 फार्मासिस्ट को नियुक्ति पत्र प्रदान किए। इस राज्यस्तरीय आयोजन का सीधा प्रसारण जनपद मुजफ्फरनगर में भी देखा गया। मुख्यमंत्री के कार्यक्रम के उपरांत जनपद स्तर पर विकास भवन सभागार में नियुक्ति पत्र वितरण समारोह का आयोजन किया गया। इस दौरान जनपद मुजफ्फरनगर से उत्तर प्रदेश अधीनस्थ सेवा चयन आयोग द्वारा चयनित 29 अभ्यर्थियों को मुख्य सेविका पद पर नियुक्ति पत्र दिए गए।कार्यक्रम की शुरुआत जिला कार्यक्रम अधिकारी सुशील कुमार ने जनप्रतिनिधियों का स्वागत कर की। उन्होंने जिला पंचायत अध्यक्ष डॉ वीरपाल निर्वाल, नगर पालिका परिषद अध्यक्ष मीनाक्षी स्वरूप और भाजपा जिलाध्यक्ष सुधीर सैनी का पुष्पगुच्छ भेंट कर अभिनंदन किया। इसके बाद दीप प्रज्वलन कर कार्यक्रम का विधिवत शुभारंभ हुआ। समारोह में जनपद की नवचयनित मुख्य सेविकाओं को नियुक्ति पत्र प्रदान करने की औपचारिकता संपन्न हुई। इस अवसर पर जिला पंचायत अध्यक्ष डॉ वीरपाल निर्वाल, नगर पालिका अध्यक्ष मीनाक्षी स्वरूप, भाजपा जिलाध्यक्ष सुधीर सैनी और मुख्य विकास अधिकारी कंडारकर कमलकिशोर देशभूषण ने सामूहिक रूप से चयनित महिला अभ्यर्थियों को नियुक्ति पत्र सौंपे।कार्यक्रम का संचालन बाल कल्याण समिति के सदस्य डॉ राजीव कुमार ने किया। इस मौके पर जिला कार्यक्रम अधिकारी सुशील कुमार के साथ–साथ बाल विकास परियोजना अधिकारी बघरा संतोष कुमार शर्मा, बाल विकास परियोजना अधिकारी शाहपुर राहुल कुमार, प्रधान सहायक सत्यपाल सिंह, कनिष्ठ सहायक अक्षय, जिला समन्वयक राहुल दीक्षित, जिला प्रोजेक्ट एसोसिएट और सभी ब्लॉक समन्वयक मौजूद रहे। इसके अलावा बाल विकास विभाग की समस्त मुख्य सेविकाएं भी कार्यक्रम का हिस्सा बनीं।नवचयनित मुख्य सेविकाओं के चेहरे पर खुशी और उत्साह साफ झलक रहा था। उन्होंने बताया कि इस अवसर ने उनके जीवन को नई दिशा दी है और वे पूरी निष्ठा के साथ विभागीय दायित्वों का निर्वहन करेंगी। इस अवसर को यादगार बनाने के लिए मंच पर उपस्थित सभी जनप्रतिनिधियों ने चयनित अभ्यर्थियों को शुभकामनाएं दीं और कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में प्रदेश में महिलाओं को सशक्त बनाने की दिशा में ठोस कदम उठाए जा रहे हैं।समारोह के अंत में जिला कार्यक्रम अधिकारी सुशील कुमार ने मंचासीन अतिथियों और आमंत्रित जनप्रतिनिधियों का आभार प्रकट किया। उन्होंने कहा कि मुख्य सेविका का पद न केवल जिम्मेदारी का है, बल्कि समाज और बच्चों के पोषण व विकास से सीधे जुड़ा हुआ है। चयनित अभ्यर्थी अपने कार्यों से विभाग की साख को और मजबूत करेंगी। इस तरह यह कार्यक्रम जिले के लिए एक ऐतिहासिक क्षण साबित हुआ, जहां 29 महिला अभ्यर्थियों ने अपने जीवन का नया अध्याय शुरू किया।















