बांदा। बुन्देलखण्ड इंसाफ सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष एएस नोमानी ने आयुक्त को एक शिकायती पत्र सौंपते हुए यूपी सिडको के अधिशाषी अभियंता राजेश कुमार चौधरी पर गंभीर भ्रष्टाचार और वित्तीय अनियमितताओं के आरोप लगाए हैं। उन्होंने बताया कि राजेश कुमार चौधरी पिछले लगभग पांच वर्षों से जनपद बांदा में तैनात हैं और इस दौरान उन्होंने करोड़ों रुपये के सरकारी धन का गबन किया है। आरोप है कि उन्होंने अवैध रूप से धन-संपत्ति अर्जित की है और अन्य जिलों में भी भ्रष्टाचार में संलिप्त रहे हैं।
नोमानी ने बताया कि चौधरी ने अपनी पद का दुरुपयोग करते हुए मृत कर्मचारियों के नाम पर भी वेतन आहरित किया है। नारायण बाबू और विश्वनाथमणि त्रिपाठी को नौकरी से निकालने और उनके निधन के बावजूद उनके नाम से करीब 18 महीने तक वेतन निकाल लिया गया, जिसमें कृष्ण सिक्योरिटी सर्विस झांसी, अमित कुमार साहू तथा लेखाकर्मियों की मिलीभगत थी। इस तरह करीब 7 लाख रुपये का गबन किया गया।
इंसाफ सेना ने मांग की है कि राजेश कुमार चौधरी के कार्यकाल की पूरी जांच टीएसी व विजिलेंस से कराई जाए और यदि दोषी पाए जाएं तो उनके विरुद्ध एफआईआर दर्ज कर उन्हें निलंबित किया जाए। साथ ही उनकी आय से अधिक संपत्ति की भी जांच कर सख्त विभागीय व कानूनी कार्रवाई की मांग की गई है। मांग पूरी न होने की स्थिति में संगठन ने 15 जून 2025 से अशोक लाट, बांदा में धरने की चेतावनी दी है।















