मुजफ्फरनगर। उमेश मिश्रा की अध्यक्षता में आईजीआरएस पोर्टल और सीएम डैशबोर्ड से संबंधित लंबित शिकायतों एवं मुख्यमंत्री संदर्भों की समीक्षा बैठक जिला पंचायत सभागार में आयोजित की गई। बैठक में विभिन्न विभागों की प्रगति का विभागवार आकलन करते हुए जिलाधिकारी ने स्पष्ट निर्देश दिए कि प्राप्त शिकायतों का समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण निस्तारण सुनिश्चित किया जाए तथा किसी भी संदर्भ को डिफॉल्टर श्रेणी में जाने से रोका जाए।
समीक्षा के दौरान जिलाधिकारी ने विभागीय अधिकारियों को स्वयं बैठकों में उपस्थित रहने के निर्देश दिए और प्रतिनिधि भेजने की प्रवृत्ति पर नाराजगी जताई। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी द्वारा स्कूल बंद से संबंधित सही जानकारी प्रस्तुत न करने पर उनके विरुद्ध विभागीय कार्रवाई के निर्देश दिए गए। वहीं जिला गन्ना अधिकारी को आईजीआरएस और सीएम डैशबोर्ड की प्रगति की जानकारी न होने पर चेतावनी जारी करने के निर्देश दिए गए।
अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व को निर्देशित किया गया कि जिन विभागों की प्रगति संतोषजनक नहीं है, उनके अधिकारियों को प्रतिकूल प्रविष्टि जारी की जाए। बैठक में अनुपस्थित रहने वाले और शिकायतों के कमजोर निस्तारण वाले अधिकारियों के विरुद्ध भी कार्रवाई करने को कहा गया। खराब फीडबैक वाले मामलों में संबंधित अधिकारियों का वेतन रोकने की कार्रवाई करने के निर्देश भी दिए गए।
राजस्व वसूली की समीक्षा करते हुए मंडी सचिव खतौली की लक्ष्य के सापेक्ष कम वसूली पर प्रतिकूल प्रविष्टि तथा मंडी सचिव मुजफ्फरनगर के विरुद्ध आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए गए। खराब प्रगति वाले विभागों के अधिकारियों के साथ 25 फरवरी 2026 को विशेष बैठक आयोजित करने के भी निर्देश दिए गए।
जिलाधिकारी ने कहा कि आईजीआरएस पोर्टल पर दर्ज सी श्रेणी और असंतुष्ट फीडबैक वाले मामलों में शिकायतकर्ता से फोन पर वार्ता करने के बाद ही आख्या अपलोड की जाए। निस्तारण के बाद शिकायतकर्ता की संतुष्टि का फीडबैक प्राप्त करना अनिवार्य बताया गया।
सीएम डैशबोर्ड की समीक्षा में खराब श्रेणी वाले संकेतकों पर सुधार लाने, साथ ही आबकारी, व्यापार कर, स्टाम्प शुल्क, विद्युत देय, नगर निकाय राजस्व, खनन, मंडी समिति, बांट-माप, सिंचाई तथा खाद्य सुरक्षा विभागों को लक्ष्य के अनुरूप शत-प्रतिशत वसूली सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। बैठक में सभी संबंधित विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।
















