मुजफ्फरनगर। शहर की सफाई व्यवस्था को और मजबूत बनाने के लिए नगरपालिका परिषद ने गारबेज टिपर वाहनों को सेवा में उतारा। नगरपालिका परिषद अध्यक्ष मीनाक्षी स्वरूप और ईओ डॉ. प्रज्ञा सिंह ने मेरठ रोड स्थित कमला नेहरू वाटिका परिसर से इन वाहनों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। यह कदम डोर-टू-डोर कचरा संग्रहण को अधिक प्रभावी और सुचारू बनाने के उद्देश्य से उठाया गया है। नए टिपर वाहनों को सीधे विभिन्न वार्डों में भेजा गया, ताकि बड़े वार्डों में भी हर घर तक सफाई सेवाएं आसानी से पहुंच सकें।उद्घाटन अवसर पर अध्यक्ष मीनाक्षी स्वरूप ने वाटिका में पैदल भ्रमण कर सफाई व्यवस्था का निरीक्षण किया और आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने बताया कि शहर को स्वच्छ और स्वस्थ बनाने के लिए डोर-टू-डोर सफाई व्यवस्था को लगातार बेहतर किया जा रहा है। इस दिशा में राज्य वित्त एवं 15वें वित्त आयोग से प्राप्त धनराशि से लगभग 98 नए गारबेज टिपर वाहनों की खरीद की जा रही है। स्वच्छ भारत मिशन के अंतर्गत करीब 1.96 करोड़ रुपये की धनराशि से पहली खेप के रूप में 28 नए टिपर वाहनों की प्राप्ति हुई है। एआरटीओ से रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया पूरी होने के बाद इन्हें वार्डों में सफाई कार्य के लिए भेजा गया है।पालिका अध्यक्ष ने बताया कि इन नए वाहनों के आने से वार्डों में कचरा संग्रहण का समय कम होगा और सफाई के स्तर में उल्लेखनीय सुधार देखने को मिलेगा। वर्तमान में नगरपालिका के साथ कार्य कर रही कंपनी जेएस एनवायरो सर्विसेज लिमिटेड को यह वाहन हैंडओवर किए जा रहे हैं। इससे पहले कंपनी को 67 टिपर वाहन दिए जा चुके हैं, जिन्हें बड़े वार्डों में लगाया गया है जहां एक वाहन से डोर-टू-डोर कचरा संग्रहण में दिक्कत आ रही थी।उन्होंने बताया कि 40 गारबेज टिपर वाहनों की खरीद के लिए टेंडर जारी हो चुका है, जबकि 30 वाहनों की खरीद के लिए 15वें वित्त आयोग में डीएम की अध्यक्षता वाली कमेटी से स्वीकृति मिल चुकी है। जल्द ही इनकी खरीद प्रक्रिया भी शुरू होगी। इससे सभी वार्डों में सफाई व्यवस्था और तेज तथा प्रभावी होगी।कार्यक्रम के दौरान सभासद मनोज वर्मा, राजीव शर्मा, शौकत अंसारी, नौशाद पहलवान, मोहम्मद शहजाद, सतीश कुकरेजा, अन्नु कुरैशी, अमित पटपटिया, लिपिक संजीव सिंघल, मनोज पाल, मोहन वैद, दुष्यंत कुमार समेत अन्य कर्मचारी मौजूद रहे। नगरपालिका प्रशासन का मानना है कि इस पहल से शहर में कचरा संग्रहण और सफाई व्यवस्था में उल्लेखनीय बदलाव आएगा, जिससे नागरिकों को स्वच्छ वातावरण मिलेगा और स्वच्छता मिशन को गति मिलेगी।















